
कलेक्टर अजीत वसंत ने संबंधित विभागों को व्यवस्था सुधारने और लापरवाही पर कार्रवाई के निर्देश दिए। इसी दौरान एक छात्रा की तबीयत बिगड़ने पर उसे मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया।
जानिए क्या है पूरा मामला ?
जानकारी के मुताबिक, शिवपुर एकलव्य आवासीय विद्यालय की छात्राओं ने पहले भी कई बार अव्यवस्था और प्रिंसिपल के खिलाफ शिकायत की थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। इस वजह से छात्राओं ने अंबिकापुर पहुंचकर कलेक्टर से शिकायत करने का फैसला लिया। 45 छात्राएं सोमवार सुबह पैदल ही 30 किलोमीटर दूर अंबिकापुर जाने के लिए रवाना हो गईं।
ट्राइबल एसी से बात तक करने को तैयार नहीं हुई छात्राएं
छात्राओं के साथ स्कूल टीचर्स भी सुरक्षा के लिहाज से पैदल चलने लगे और छात्राओं को रोकने की कोशिश की, लेकिन छात्राएं नहीं रुकीं। इसकी जानकारी ट्राइबल असिस्टेंट कमिश्नर ललित शुक्ला को मिली तो वे बैलकोटा पहुंचे।
एसी शुक्ला ने छात्राओं से बात करने की कोशिश की और भरोसा दिलाया कि, अगर उन्हें प्रिंसिपल से प्रॉब्लम है तो आज से ही वे स्कूल नहीं जाएंगे। छात्राएं एसी को समस्याएं तक बताने को तैयार नहीं हुईं और अंबिकापुर पैदल आने की जिद पर अड़ी रहीं। इसके बाद एसी शुक्ला ने छात्राओं के लिए बस की व्यवस्था कराई और बस से छात्राओं को अंबिकापुर रवाना किया।
टीचर्स बोले- छात्राओं को भड़काया गया
स्कूल के टीचर्स ने प्रिंसिपल का बचाव करते हुए कहा कि, वे नियमानुसार काम करते हैं। छात्राओं को भड़काया गया है। वे बात तक नहीं कर रही हैं। छात्राओं ने कहा कि, वे कलेक्टर से मिलकर ही अपनी समस्याएं बताएंगी।
कलेक्टर बोले- छात्राओं ने तीन समस्याएं बताई
कलेक्टर अजीत वसंत ने कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में छात्राओं से बात की। छात्राओं ने तीन शिकायतें बताईं- स्कूल और हॉस्टल में तीन महीने से बिजली नहीं है, मैथ्स और केमेस्ट्री के शिक्षक ठीक से नहीं पढ़ा रहे और मेस में सफाई की व्यवस्था खराब है। छात्राओं ने बताया कि प्रिंसिपल से शिकायत के बावजूद समस्याओं का समाधान नहीं हुआ।