
त्योहारों के दौरान बाजारों में भीड़ बढ़ने के साथ सोने-चांदी की खरीदारी और कैश का लेन-देन भी बढ़ जाता है। ऐसे में चोरी, लूटपाट और उठाईगिरी जैसी घटनाओं को रोकने के लिए पुलिस ने बाजारों के साथ रिहायशी इलाकों में भी निगरानी बढ़ा दी है।
50 से ज्यादा बाइक से शहर में होगी गश्त
दुर्ग पुलिस की विशेष टीम के 50 से अधिक जवान बाइक से पेट्रोलिंग करेंगे। ये टीमें प्रमुख बाजारों, कॉलोनियों, रिहायशी इलाकों और संवेदनशील जगहों पर लगातार गश्त करेंगी। सभी थाना क्षेत्रों में अलग-अलग दल बनाए गए हैं और उन्हें इलाके के हिसाब से जिम्मेदारी सौंपी गई है।
पेट्रोलिंग के दौरान संदिग्ध लोगों और वाहनों पर नजर रखी जाएगी। किसी भी संदिग्ध गतिविधि या शिकायत की सूचना मिलने पर पुलिस टीम तत्काल मौके पर पहुंचेगी।
सराफा बाजार में सादे कपड़ों में रहेंगे पुलिसकर्मी
त्योहारों के दौरान सराफा बाजार में विशेष निगरानी रखी जाएगी। यहां सादे कपड़ों में पुलिसकर्मी तैनात रहेंगे। इनके साथ हथियारों से लैस जवान भी सुरक्षा की जिम्मेदारी संभालेंगे। सादे कपड़ों में मौजूद पुलिसकर्मी बाजार में आने-जाने वाले संदिग्ध लोगों और उनकी गतिविधियों पर नजर रखेंगे।
प्रमुख बाजारों और बड़े व्यावसायिक इलाकों में भी अतिरिक्त पुलिस बल लगाया गया है। पुलिस का फोकस चोरी, लूटपाट, उठाईगिरी और असामाजिक गतिविधियों पर रोक लगाने पर रहेगा।
चौक-चौराहों पर यातायात पुलिस की ड्यूटी
त्योहारों में बाजारों और मुख्य सड़कों पर वाहनों की संख्या बढ़ने से जाम की स्थिति बन सकती है। इसे देखते हुए प्रमुख चौक-चौराहों, बाजारों और भीड़भाड़ वाले रास्तों पर यातायात पुलिस की ड्यूटी लगाई गई है। जवान वाहनों की आवाजाही व्यवस्थित रखेंगे। आपातकालीन वाहनों के लिए भी रास्ता खाली रखने के निर्देश दिए गए हैं।
वरिष्ठ अधिकारी खुद करेंगे निगरानी
जिले के वरिष्ठ और राजपत्रित पुलिस अधिकारी अलग-अलग क्षेत्रों का दौरा कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेंगे। बाजारों, सराफा क्षेत्र और प्रमुख रास्तों पर पुलिस बल की तैनाती की निगरानी की जाएगी। जरूरत के अनुसार जवानों की संख्या और गश्त के क्षेत्रों में बदलाव भी किया जा सकेगा।
एएसपी ग्रामीण मणिशंकर चंद्रा ने बताया कि त्योहारों में शांति और सुरक्षा बनाए रखने के लिए सभी थाना क्षेत्रों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। किसी भी तरह की परेशानी होने पर नागरिक तत्काल पुलिस को सूचना दे सकते हैं।