बैठक में हत्या, हत्या के प्रयास, बड़ी चोरी, नकबजनी, महिला संबंधी अपराध, पॉक्सो एक्ट सहित अन्य गंभीर अपराधों में लंबित विवेचनाओं की प्रगति पर संबंधित थाना प्रभारियों एवं विवेचकों से विस्तृत जानकारी ली गई। एसएसपी ने सभी प्रकरणों का समयबद्ध निराकरण कर गुणवत्तापूर्ण विवेचना के साथ शीघ्र चालान न्यायालय में प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।
🔸 तीन प्रमुख बिंदुओं पर रहा फोकस
क्राइम मीटिंग में इस बार तीन प्रमुख विषयों— अपराधों का शीघ्र निराकरण, यातायात व्यवस्था को और सुदृढ़ बनाना तथा मानसून के दौरान बाढ़ एवं आपदा प्रबंधन की तैयारी— पर विशेष रूप से चर्चा की गई।
🔸 थाना प्रभारियों का छह माह का रिपोर्ट कार्ड प्रस्तुत
बैठक में वर्ष 2025 की तुलना में वर्ष 2026 के पहले छह माह के कार्यों की तुलनात्मक समीक्षा प्रस्तुत की गई। एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह ने सभी थाना प्रभारियों का छह माह का परफॉर्मेंस रिपोर्ट कार्ड प्रस्तुत करते हुए अपराधों के निराकरण की गति बढ़ाने, प्रतिबंधात्मक कार्रवाई तेज करने तथा जुआ, सट्टा, अवैध शराब, बदमाशों की जांच एवं अन्य माइनर एक्ट के मामलों में प्रभावी कार्रवाई बढ़ाने के निर्देश दिए।
उन्होंने स्पष्ट कहा कि पुलिस की कार्यप्रणाली का अंतिम उद्देश्य पीड़ित को त्वरित न्याय दिलाना है और यह तभी संभव होगा जब विवेचना समय-सीमा में पूर्ण कर न्यायालय में प्रभावी चालान प्रस्तुत किए जाएं।
🔸 यातायात व्यवस्था और रोड इंजीनियरिंग पर विशेष जोर
मानसून के दौरान सड़क क्षति, जलभराव एवं वाहनों के ब्रेकडाउन से उत्पन्न जाम की समस्या को देखते हुए एसएसपी ने यातायात शाखा को विस्तृत कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि स्थानीय जनप्रतिनिधियों, नागरिकों एवं संबंधित विभागों के समन्वय से रोड इंजीनियरिंग में आवश्यक सुधार कर यातायात को अधिक सुरक्षित एवं सुगम बनाया जाए, ताकि आम नागरिकों को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े।
🔸 प्रशिक्षु उप निरीक्षकों की कार्यशाला आयोजित
क्राइम मीटिंग में जिले के सभी प्रशिक्षु उप निरीक्षकों को भी शामिल किया गया। एसएसपी ने उनके प्रशिक्षण कार्यों की समीक्षा करते हुए प्रत्येक प्रशिक्षण को गंभीरता से लेने तथा सीसीटीएनएस सहित पुलिस के सभी तकनीकी कार्यों में दक्षता विकसित करने के निर्देश दिए।
बैठक के बाद आयोजित विशेष कार्यशाला में डीएसपी श्री सुशांतो बनर्जी ने केस स्टडी के माध्यम से विवेचना के दौरान होने वाली सामान्य त्रुटियों एवं उनसे बचने के उपायों की विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि अनुसंधान में छोटी-छोटी चूक का लाभ आरोपी को मिल सकता है, इसलिए प्रत्येक विवेचक को वैज्ञानिक एवं विधिक दृष्टिकोण अपनाकर जांच करनी चाहिए।
🔸 बाढ़ आपदा को लेकर पुलिस रहे अलर्ट
मानसून के मद्देनज़र एसएसपी ने महानदी से लगे संवेदनशील क्षेत्रों में संभावित बाढ़ की स्थिति पर भी विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने थाना प्रभारियों को कोटवारों, जनप्रतिनिधियों एवं स्थानीय प्रमुख नागरिकों से सतत संपर्क बनाए रखने, अन्य विभागों के साथ समन्वय स्थापित करने तथा संवेदनशील क्षेत्रों के लिए पूर्व तैयारी एवं विशेष कार्ययोजना तैयार रखने के निर्देश दिए, ताकि किसी भी आपदा की स्थिति में त्वरित राहत एवं बचाव कार्य सुनिश्चित किया जा सके।
बैठक में नगर पुलिस अधीक्षक श्री मयंक मिश्रा, डीएसपी श्रीमती उन्नति ठाकुर, एसडीओपी खरसिया श्री प्रभात पटेल, एसडीओपी धरमजयगढ़ श्री सिद्दांत तिवारी, ट्रैफिक डीएसपी उत्तम प्रताप सिंह, डीएसपी श्री सुशांतो बनर्जी रक्षित निरीक्षक अमित सिंह तथा शहर एवं अनुविभाग के सभी थाना एवं चौकी प्रभारी उपस्थित रहे।
👉🏻 एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह का संदेश —
“जनता को समय पर न्याय दिलाना हमारी सर्वोच्च जिम्मेदारी है। प्रत्येक विवेचना गुणवत्तापूर्ण, समयबद्ध और कानून सम्मत हो, यही रायगढ़ पुलिस की प्राथमिकता है।”