
दरअसल, EOW को इनपुट मिला था कि केके श्रीवास्तव भोपाल के एक होटल में रुका है, जिसके बाद EOW की टीम ने उसे भोपाल पहुंचकर पकड़ लिया। जानकारी के मुताबिक, EOW की टीम उसे रायपुर ला रही है, फिर उसे कोर्ट में पेश किया जाएगा।
तेलीबांधा थाने से लेकर ED ने दर्ज किया है केस
यूपी के रावत एसोसिएट के एडमिन मैनेजर अजय कुमार ने तेलीबांधा थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। अजय के मुताबिक केके श्रीवास्तव ने उनके मालिक अर्जुन रावत को 500 करोड़ का काम दिलाने का आश्वासन दिया और फिर फर्जी दस्तावेज भेजकर ठगी की। श्रीवास्तव के साथ उसके बेटे कंचन श्रीवास्तव के खिलाफ भी शिकायत दर्ज की गई थी।
एफआईआर में यह दर्ज किया गया है कि प्रदेश के सबसे बड़े नेता भगोड़े ठग केके श्रीवास्तव से तांत्रिक पूजा करवाते थे। ये नेता भाजपा के हैं या कांग्रेस के, ये नहीं लिखा गया है। लेकिन ठग पर आरोप है कि वो पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार में सबसे बड़े नेताओं के करीबी थे।
खाते में 300 करोड़ का लेन-देन भी
ठग केके श्रीवास्तव के खातों की जांच में 300 करोड़ का लेन-देन मिला है। ये खाते EWS मकानों में रहने वालों के नाम पर हैं। पुलिस ने इसकी जांच आयकर विभाग को सौंप दिया है। पुलिस थाने में शिकायत के बाद EOW और ईडी केके श्रीवास्तव के खिलाफ केस दर्ज कर मामले में जांच शुरू कर दी थी।
आरोपी ने कारोबारी को दिया स्टॉप चेक
जब कारोबारी लगातार पैसों की मांग करने लगा तो श्रीवास्तव उसे गुमराह करने के लिए कंचन श्रीवास्तव समेत कुछ फर्मों के चेक दिए। कारोबारी ने पैसे निकालने के लिए जब बैंक में चेक लगाए, तो पता चला, कि आरोपी ने चेक देने के बाद उसे स्टॉप श्रेणी में डाल दिया है।
इस हरकत के बाद कारोबारी ने श्रीवास्तव को फोन लगाया, तो उसने नक्सली और राजनैतिक रसूखदारों से जान पहचान होने की बात बोलकर उसे और उसके परिवार को जान से मारने की धमकी दी। आरोपी की इस हरकत के बाद कारोबारी ने मामले की शिकायत पुलिस में की, तो पुलिस ने केस दर्ज करके जांच शुरू की।