
इस नियुक्ति को लेकर राजनीतिक गलियारों में पहले से ही चर्चा थी, क्योंकि पिछली बार अध्यक्ष बनने के कुछ ही महीनों बाद संगठन का पुनर्गठन शुरू हो गया था, जिससे उन्हें काम करने का पर्याप्त अवसर नहीं मिल पाया था।
इस नियुक्ति पर विधायक संदीप साहू ने प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि सुमित्रा घृतलहरें एक अनुभवी और मेहनती नेत्री हैं। पिछली बार उन्हें काम करने का पूरा मौका नहीं मिल पाया था।
पार्टी ने उन पर फिर से विश्वास जताकर एक सही और न्यायसंगत फैसला लिया है। संदीप साहू ने विश्वास जताया कि उनके नेतृत्व में बलौदाबाजार जिला कांग्रेस मजबूत होगी और आगामी चुनावों में बेहतर प्रदर्शन करेगी।
‘सभी वर्गों के लोगों से आसानी से जुड़ती है सुमित्रा’
विधायक इंद्र साव ने भी इस नियुक्ति का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि यह जिले के कांग्रेस कार्यकर्ताओं की भावनाओं के अनुरूप फैसला है। सुमित्रा घृतलहरें का संगठन पर अच्छा नियंत्रण है और वह सभी वर्गों के लोगों से आसानी से जुड़ जाती हैं। उनकी पुनः नियुक्ति से कार्यकर्ताओं का मनोबल बढ़ेगा।
2029 के आम चुनावों की तैयारी शुरू करने की कही बात
नई जिम्मेदारी मिलने पर सुमित्रा घृतलहरें ने पार्टी उच्चाधिकारियों और सभी कार्यकर्ताओं का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि पिछली बार समयाभाव के कारण वह अपनी पूरी योजनाओं को क्रियान्वित नहीं कर सकी थीं।
अब उनका मुख्य ध्यान जिले के ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में संगठन को मजबूत करने, युवाओं और महिलाओं को जोड़ने तथा जनसमस्याओं को उठाने पर होगा। उन्होंने 2029 के आम चुनावों की तैयारी जोर-शोर से शुरू करने की बात कही।
माना जा रहा है कि सुमित्रा घृतलहरें के अनुभव और जमीनी पकड़ को देखते हुए यह फैसला लिया गया है। उनके नेतृत्व में कांग्रेस पार्टी बलौदाबाजार जिले में अपनी लोकप्रियता बढ़ाने और चुनावी लक्ष्यों को हासिल करने की दिशा में काम करेगी। इस नियुक्ति के साथ ही जिले में कांग्रेस की राजनीतिक गतिविधियां एक बार फिर तेज होने की उम्मीद है।