
जानकारी के मुताबिक, युवकों का नाम शिवम मिश्रा, आकाश अग्रवाल और आयुष अग्रवाल है, जो कोटा के रहने वाले हैं। लगातार फ्लाइट रद्द होने से तीनों दुबई में फंसे हुए हैं। हालांकि, तीनों युवक होटल में सुरक्षित हैं। वहीं, परिजनों ने भारत सरकार से मदद मांगी है।
तीनों युवक वीडियो कॉल के जरिए परिजनों से संपर्क बनाए हुए हैं। बताया गया कि पहले उनकी टिकट 28 फरवरी की थी, लेकिन उड़ान निरस्त हो गई। इसके बाद तीन मार्च की नई टिकट मिली, वह भी कैंसल हो गई। अब उन्हें 5 मार्च की फ्लाइट का टिकट मिला है।
शिमव मिश्रा ने केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू से फोन पर बात की। जिस पर उन्होंने मदद का आश्वासन दिया। इधर, इस मामले में कलेक्टर संजय अग्रवाल का कहना है कि अब तक प्रशासनिक स्तर पर जानकारी नहीं मिली है।
बार-बार कैंसिल हुई फ्लाइट
दरअसल, शिवम मिश्रा अपने दोस्त आकाश अग्रवाल और आयुष अग्रवाल के साथ घूमने के लिए दुबई पहुंचा था। उसी दौरान पश्चिम एशिया में बढ़ते सैन्य तनाव का असर वहां की उड़ानों पर पड़ने लगा। इसके कारण उनकी वापसी में दिक्कत आ गई।
तीनों की पहली वापसी टिकट 28 फरवरी की थी, जो कैंसिल हो गई। इसके बाद 3 मार्च की टिकट मिली, वह भी कैंसिल हो गई। अब 5 मार्च की फ्लाइट का टिकट मिला है। उन्हें उसी से घर लौटने की उम्मीद है।
दुबई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर यात्रियों की भीड़ बढ़ गई है। कई उड़ानें री-शेड्यूल हो रही हैं, जिससे लोगों को ज्यादा इंतजार करना पड़ रहा है। शिवम ने बताया कि फ्लाइट रद होने के कारण होटल में रुकने का समय बढ़ गया है और खर्च भी बढ़ रहा है। फिर भी तीनों एयरलाइन और स्थानीय प्रशासन के निर्देशों का पालन कर रहे हैं।
शिवम बोला-बुर्ज खलीफा पर कोई हमला नहीं
शिवम ने वीडियो कॉल के जरिए परिवार को बताया कि वे पूरी तरह सुरक्षित हैं। उनसे साफ किया कि बुर्ज खलीफा पर किसी तरह का कोई हमला नहीं हुआ है। दुबई में हालात सामान्य हैं। शहर में रोजमर्रा की गतिविधियां जारी हैं और पर्यटक स्थल भी खुले हैं। घबराने की जरूरत नहीं है।
परिवार की सरकार से अपील
परिजनों ने भारत सरकार और विदेश मंत्रालय से मदद की अपील की है। उनका कहना है कि दुबई में फंसे भारतीय नागरिकों की सुरक्षित वापसी सुनिश्चित की जाए। जरूरत पड़ने पर विशेष उड़ानों की व्यवस्था की जाए।
परिवार स्थानीय प्रशासन और जनप्रतिनिधियों के संपर्क में है और मामले को केंद्र सरकार तक पहुंचाने की कोशिश कर रहा है।
पैकेज टूर के तहत दुबई घूमने गए थे
शिवम के चचेरे भाई विनय मिश्रा ने बताया कि चाचा राजेश मिश्रा ट्रांसपोर्ट का काम करते हैं। चाची कांग्रेस नेत्री हैं। जबकि एक दोस्त के पिता डॉक्टर हैं और दूसरे दोस्त के पिता ट्रांसपोर्टर हैं। उन्हें दुबई गए 8 दिन हो गए हैं। 5 वें दिन उन्हें भारत लौटना था। पैकेज टूर के तहत दुबई घूमने गए थे।
कलेक्टर बोले- आधिकारिक जानकारी नहीं
कलेक्टर संजय अग्रवाल ने कहा कि फिलहाल उनके पास इस मामले में कोई आधिकारिक जानकारी नहीं आई है। विदेश में फंसे नागरिकों से जुड़ी जानकारी आमतौर पर सीधे विदेश मंत्रालय को भेजी जाती है, वहीं से आगे की कार्रवाई होती है।