
जानकारी के मुताबिक, भटगांव के बी-टाइप कॉलोनी निवासी विकास ठाकुर (15 वर्ष) बुधवार को होली खेलकर लौटा था। वह दोपहर करीब 3.30 बजे घर से निकला, लेकिन देर शाम तक घर वापस नहीं लौटा। उसकी मां सावित्री ठाकुर ने कई बार उसे काल किया, लेकिन उसने फोन नहीं उठाया। इसकी सूचना भटगांव थाने में दी गई।
मोबाइल लोकेशन से मौके पर पहुंची पुलिस भटगांव थाना प्रभारी सरफराज फिरदौसी ने साइबर टीम की मदद से विकास ठाकुर के मोबाइल का लोकेशन ट्रेस कराया। लोकेशन मिलने पर पुलिस टीम एसईसीएल की बंद खदान की नीली झील के पास पहुंची, जहां झील के किनारे उसके कपड़े पड़े मिले। झील काफी गहरा होने और रात हो जाने के कारण पुलिस ने खोजबीन सुबह करने का निर्णय लिया।
गुरुवार सुबह सूरजपुर डीडीआरएफ और एसईसीएल के बचाव दल ने खोजबीन शुरू की और करीब चार घंटे की मशक्कत के बाद विकास ठाकुर का शव झील से बाहर निकाला।
नहाने के दौरान डूबने की आशंका मृतक विकास ठाकुर के पिता सुखविलास ठाकुर की पहले मौत हो चुकी है। वह अपनी मां सावित्री के साथ रहता था। उसका बड़़ा भाई आकाश सरगुजा के मेंड्राकला में रहता है। विकास अपनी मां के साथ रहता था एवं डोसा के स्टॉल में काम करता था। पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम करा परिजनों को सौंपा दिया है। मामले की जांच की जा रही है।