छत्तीसगढ़ के रायगढ़ पुलिस ने अंतर्राज्यीय बाइक चोर गिरोह का पर्दाफाश करते हुए बड़ी सफलता हासिल की

Chhattisgarh Crimesछत्तीसगढ़ के रायगढ़ पुलिस ने अंतर्राज्यीय बाइक चोर गिरोह का पर्दाफाश करते हुए बड़ी सफलता हासिल की है। छत्तीसगढ़ पुलिस की साइबर थाना और पूंजीपथरा पुलिस की संयुक्त टीम ने 21 चोरी की बाइक बरामद की हैं, जिनकी कीमत करीब 15 लाख रुपए आंकी गई है।

इस कार्रवाई में मुख्य आरोपी सुखदेव चौहान को गिरफ्तार किया गया है, जबकि उसका साथी शिव नागवंशी अभी फरार है। पुलिस ने सिर्फ चोरी करने वालों पर ही नहीं, बल्कि चोरी की बाइक खरीदने वाले 9 आरोपियों को भी गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से 14 बाइक बरामद हुईं, जबकि 7 बाइक मुख्य आरोपी ने अपने घर में छिपाकर रखी थी।

जांच में सामने आया कि आरोपी रायगढ़, धरमजयगढ़ और ओडिशा के भीड़भाड़ वाले इलाकों से बाइक चोरी करते थे। इसके बाद वे इन वाहनों को सुनसान जगहों पर छिपाकर कम कीमत में बेच देते थे, जिससे एक पूरा नेटवर्क तैयार हो गया था।

पेचकस से तोड़ते थे लॉक

पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे पेशे से ड्राइवर हैं और गाड़ियों की मरम्मत का काम जानते हैं। इसी का फायदा उठाते हुए वे पेचकस जैसे सामान्य औजारों से बाइक का लॉक तोड़कर चोरी कर लेते थे। इस कार्रवाई से पूंजीपथरा थाना के 2 और धरमजयगढ़ थाना के 1 मामले का खुलासा हुआ है। इसके अलावा ओडिशा के कई इलाकों से चोरी की गई बाइक भी बरामद हुई हैं।

इन मामलों का हुआ खुलासा

आरोपियों की गिरफ्तारी से थाना पूंजीपथरा के दो और थाना धरमजयगढ़ के एक बाइक चोरी के मामले का खुलासा हुआ है।

1-महुआ चौक पूंजीपथरा 1 बाइक NS पल्सर 200 2- सराईपाली बाजार पूंजीपथरा 1बाइक पैसन प्रो 3-धरमजयगढ़ बस स्टैंड 2 बाइक 4-कोतबा अटल चौक 1 बाइक 5-सरगीपाली ओडिशा 5 बाइक 6-उज्जलपुर ओडिशा 4 बाइक 7-लेफरीपारा ओडिशा 7 बाइक

लगातार जारी रहेगी कार्रवाई

रायगढ़ के SSP शशि मोहन सिंह ने कहा कि, “संपत्ति संबंधी अपराधों में शामिल गिरोहों पर लगातार सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। चोरी करने वालों के साथ-साथ चोरी की संपत्ति खरीदने वालों पर भी कड़ी कार्रवाई होगी।”

इस पूरे ऑपरेशन में साइबर थाना और पूंजीपथरा पुलिस के अधिकारियों और जवानों की अहम भूमिका रही, जिन्होंने मुखबिर सूचना और तकनीकी विश्लेषण के आधार पर गिरोह तक पहुंच बनाई।

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