छत्तीसगढ़ के रायगढ़ में नगर निगम आवारा कुत्तों को नसबंदी के बाद बिरयानी खिलाई जा रही

Chhattisgarh Crimesछत्तीसगढ़ के रायगढ़ में नगर निगम आवारा कुत्तों को नसबंदी के बाद बिरयानी खिलाई जा रही है। बीजेपी मेयर जीवर्धन चौहान ने इसकी पुष्टि की है। उनका कहना है कि नसबंदी के बाद कुत्ते कमजोर न हों, इसलिए निगम ने ऐसा प्रावधान किया है, लेकिन विपक्ष को विकास हजम नहीं हो रहा है।

वहीं कुत्तों को बिरयानी खिलाने को लेकर निगम के नेता प्रतिपक्ष सलीम नियारिया ने बीजेपी मेयर जीवर्धन चौहान को घेरा है। उन्होंने ने कहा कि अब आवारा कुत्ते भी बिरयानी खाएंगे। कुत्तों को चिकन या मटन किसकी बिरयानी खिलाई जाएगी। इसके लिए फंड किस मद से खर्च किया जाएगा।

जानिए क्या है पूरा मामला ?

दरअसल, रायगढ़ में आवारा कुत्तों की बढ़ती संख्या को नियंत्रित करने के लिए नसबंदी अभियान शुरू किया गया है। पिछले दिनों रायगढ़ के महापौर जीवर्धन चौहान खुद नसबंदी केंद्र पहुंचे। वहां की व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। कुत्तों की देखभाल और दिए जाने वाले भोजन की जानकारी ली।

निरीक्षण के दौरान महापौर जीवर्धन चौहान ने कुत्तों को पौष्टिक आहार देने की बात कही। उन्होंने अपने बयान में कुत्तों को खिचड़ी, दलिया और बिरयानी का जिक्र किया। महापौर के इसी बयान को लेकर राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया है।

चिकन या मटन की खिलाएंगे बिरयानी- कांग्रेस

नेता प्रतिपक्ष सलीम नियारिया ने कहा कि, अगर आवारा कुत्तों को बिरयानी खिलाई जाएगी, तो यह स्पष्ट किया जाए कि वह चिकन की होगी या मटन की। साथ ही सवाल उठाया कि इसके लिए शासन से कोई आदेश आया है या नहीं। खर्च किस मद से किया जाएगा।

भोजन की दर तय, क्या खिलाना एजेंसी पर निर्भर- महापौर

वहीं, महापौर जीवर्धन चौहान ने विपक्ष के आरोपों को बेबुनियाद बताया। उन्होंने कहा कि नसंबदी का काम विधिवत टेंडर प्रक्रिया के तहत एजेंसी को सौंपा गया है। पशु विभाग के डॉक्टर लगातार निगरानी कर रहे हैं। निगम ने भोजन के लिए एक तय दर निर्धारित की है।

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