दुर्ग जिले में नौकरी दिलाने का झांसा देकर साढ़े 6 लाख की ठगी का मामला सामने आया है। आरोपी ओमकुमार सिन्हा (31 साल) ने खुद को प्रभावशाली बताकर युवकों और उनके परिचितों से ऑनलाइन व नकद रकम वसूल की थी।
उसने पीड़ित को आबकारी विभाग व शराब दुकान में नौकरी लगवाने की बात और जितना ज्यादा ऊंची पोस्ट उतना ज्यादा पैसा कहकर झांसे में लिया था। मामला धमधा थाना क्षेत्र का है। पुलिस ने धोखाधड़ी के आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
झांसे में लेकर पैसे लिए
जानकारी के अनुसार, धमधा के सोनकर पारा के रहने वाले घनश्याम सोनकर (31 साल) ने 1 जनवरी 2026 को प्रार्थी थाने में लिखित रिपोर्ट दर्ज कराई। जिसमें उन्होंने बताया कि राजनांदगांव के रहने वाले ओमकुमार सिन्हा ने उसे और उसके परिचितों को आबकारी विभाग व शराब दुकान में नौकरी लगवाने का भरोसा दिलाया था।
आरोपी ने कहा था कि उसकी विभाग में अच्छी पकड़ है और कुछ ही समय में नौकरी लग जाएगी। जिसके झांसे में आकर प्रार्थी और उसके परिचितों ने अलग-अलग माध्यमों से उसे रकम दी।
ऑनलाइन और कैश में लिए पैसे
रिपोर्ट के अनुसार, शुभम सोनकर से 1 लाख रुपए, गजेंद्र सोनकर से 90 हजार रुपए, प्रियांश सोनकर से 12 हजार रुपए और हेम सिंह साहू से 1 लाख 20 हजार रुपए फोन-पे व स्कैनर के माध्यम से दिए गए।
इसके अलावा, प्रियांश सोनकर से 1 लाख 8 हजार रुपए नकद, गजेंद्र सोनकर से 30 हजार रुपए नकद और नागेश नामक व्यक्ति से 37 हजार रुपए नकद लिए गए। इस प्रकार आरोपी ने कुल 6 लाख 51 हजार 817 रुपए की ठगी की।
नौकरी नहीं लगी तो की शिकायत
काफी समय बीत जाने के बाद भी जब न तो नौकरी लगी और न ही रकम वापस की गई, तब पीड़ितों को धोखाधड़ी का एहसास हुआ। इसके बाद घनश्याम सोनकर ने थाना धमधा में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना शुरू की।
विवेचना के दौरान पुलिस ने आरोपी ओमकुमार सिन्हा उर्फ ओमप्रकाश (31 साल) को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पूछताछ के दौरान आरोपी ने नौकरी लगाने के नाम पर रकम लेने और धोखाधड़ी करने का अपराध स्वीकार कर लिया। इसके बाद पुलिस ने उसे विधिवत गिरफ्तार कर लिया।