रायपुर में बाथरूम में खोदे गए सेप्टिक टैंक के गड्ढे में गिरकर 5 साल की बच्ची की मौत हो गई। बच्ची के चिल्लाने की आवाज सुनकर परिजन मौके पर पहुंचे। बच्ची को गड्ढे से बाहर निकाला। निजी अस्पताल ले गए, लेकिन तब तक बच्ची की मौत हो चुकी थी। मामला मोवा थाना क्षेत्र का है।
जानकारी के मुताबिक मृत बच्ची का नाम रिया महिलांग है। महासमुंद जिले के पटेवा गांव की रहने वाली थी। अपनी मौसी की गोदभराई कार्यक्रम में अपने पिता एलन और मां धनेश्वरी महिलांग के साथ रायपुर आई थी। टॉयलेट गई थी, तभी हादसे का शिकार हो गई।
जानकारी के मुताबिक मकान मालिक जीवनलाल कुर्रे ने टॉयलेट का गंदा पानी निकलवाने के लिए बाथरूम में एक गड्ढा करवाया था। इसके बाद उन्होंने उस गड्ढे को एक बोरी से ढंककर छोड़ दिया था।
अब सिलसिलेवार पढ़िए हादसे की पूरी कहानी
दरअसल, शनिवार दोपहर 1 बजे बच्ची टॉयलेट गई थी। इस दौरान उसकी नानी भी वहां मौजूद थी, लेकिन नानी बाथरूम के बाहर पानी लाने गई। बच्ची टॉयलेट से उठकर बाथरूम में आ गई। यहां सेप्टिक टैंक में गड्ढा था। बच्ची का पैर बोरी में फंस गया। वह सीधे सेप्टिक टैंक के गड्ढे में गिर गई।
इस दौरान बच्ची के चिल्लाने की आवाज सुनकर परिजन और आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। सेप्टिक टैंक से बच्ची को कड़ी मशक्कत के बाद बाहर निकाला। बच्ची को फौरन नजदीकी निजी अस्पताल लेकर गए, लेकिन डॉक्टर्स ने बच्ची को मृत घोषित कर दिया।
2 गड्ढे किए गए थे, लेकिन बोरी से ढककर छोड़ दिया था
पुलिस के मुताबिक किराएदारों के कहने पर 4 दिन पहले मकान मालिक जीवनलाल कुर्रे ने टॉयलेट का गंदा पानी निकलवाने के लिए बाथरूम में एक गड्ढा करवाया था। इसके बाद उन्होंने उस गड्ढे को एक बोरी से ढंककर छोड़ दिया था। बाथरूम में कोई दरवाजा भी नहीं था, जिससे वह खुला रहता था।
गड्ढे को जिस बोरी से ढंका गया था, उसी बोरी में बच्ची का पैर फंस गया था। इसी वजह से बच्ची गड्ढे में गिर गई। भास्कर की टीम मौके पर पहुंची, तो पाया कि बाथरूम के बाहर भी एक गड्ढा खोदा गया है, जिसे बिना ढके छोड़ दिया गया है। इससे कोई भी अनहोनी हो सकती है।