छत्तीसगढ़ के नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग में एक वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग बैठक के बाद विवाद खड़ा हो गया

Chhattisgarh Crimesछत्तीसगढ़ के नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग में एक वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग बैठक के बाद विवाद खड़ा हो गया है। 21 जनवरी को निकायों के विकास कार्यों की समीक्षा के लिए आयोजित इस बैठक में नगरीय प्रशासन संचालक पर अधिकारियों के प्रति अमर्यादित भाषा का प्रयोग करने का आरोप लगा है।

बैठक में प्रदेशभर के नगरीय निकायों के आयुक्त और मुख्य नगर पालिका अधिकारी शामिल थे। नगरीय प्रशासन अधिकारी-कर्मचारी कल्याण संघ (छत्तीसगढ़) ने आरोप लगाया है कि बैठक के दौरान संचालक ने अधिकारियों को ‘अपशब्द कहे। संघ ने इसे एक वरिष्ठ अधिकारी द्वारा सत्ता के दुरुपयोग और अशोभनीय आचरण बताया है।

सचिव को भेजा शिकायत पत्र

इस मामले को लेकर संघ के प्रांतीय अध्यक्ष राजेश सोनी ने 22 जनवरी 2026 को छत्तीसगढ़ शासन के मुख्य सचिव को एक औपचारिक शिकायत पत्र भेजा है।

इस शिकायत पत्र की प्रतिलिपि मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री, विभागीय सचिव और छत्तीसगढ़ कर्मचारी- अधिकारी फेडरेशन के संयोजक को भी भेजी गई है।

पत्र में कहा गया है कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में किसी भी अधिकारी या कर्मचारी के साथ इस तरह की अपमानजनक भाषा स्वीकार्य नहीं है।

अनुशासनात्मक कार्रवाई की मांग

कर्मचारी संघ के दुर्ग जिला अध्यक्ष राजू लाल चंद्रकार ने शासन से मांग की है कि संबंधित संचालक को सार्वजनिक रूप से माफी मांगनी चाहिए।

संघ ने चेतावनी दी है कि यदि माफी नहीं मांगी गई, तो उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाए। इस संबंध में नगरीय प्रशासन संचालक से उनका पक्ष जानने के लिए फोन कर संपर्क करने का प्रयास किया गया लेकिन उनसे संपर्क नहीं हो सका।