छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में 10 टन से अधिक खैर की अवैध लकड़ी ट्रैक्टर में पकड़ी गई है। इस मामले में 4 आरोपियों को भी हिरासत में लिया गया है। राजस्व और वन विभाग की संयुक्त टीम ने यह कार्रवाई की है। यह मामला घरघोड़ा वन परिक्षेत्र का है।
जानकारी के अनुसार, ग्राम पंचायत भेंगारी के राजस्व वनभूमि पर अवैध लकड़ियों को ट्रैक्टर में लोड किया जा रहा था। वन अमले ने इसकी सूचना राजस्व विभाग के अधिकारियों को दी और दोनों विभागों की संयुक्त टीम ने मौके पर दबिश दी। लकड़ियों को छिलाई कर ट्रैक्टर में लोड किया गया था और वहां 4 लोग मौजूद थे।
पूछताछ में उन्होंने अपना नाम कमल प्रकाश, प्रेम, संतोष और राजेश बताया, सभी उत्तर प्रदेश के बरेली जिले के निवासी हैं। इसके बाद वन विभाग ने सभी को हिरासत में लिया और ट्रैक्टर जब्त कर लिया।
आगे की कार्रवाई जारी है
घरघोड़ा सबडिविजन के एसडीओ आशुतोष मंडावा ने बताया कि पकड़ी गई लकड़ियां प्रतिबंधित खैर प्रजाति की हैं। आरोपियों ने इन्हें छिलकर ट्रैक्टर में लोड किया था। लकड़ियां जब्त कर ली गई हैं और आरोपियों से पूछताछ की जा रही है। उन्होंने बताया कि मामला राजस्व क्षेत्र का है। फिलहाल आगे की जांच कार्रवाई जारी है।
पहले भी पकड़ा गया
जिले में लंबे समय से लकड़ी तस्करी चल रही है। अप्रैल में घरघोड़ा के भेंड्रा रोड पर 18 चक्का वाले एक ट्रक में अवैध लकड़ी पकड़ी गई थी। इसमें सरई का गोला लोड था और उसके आसपास खैर की लकड़ियां बिखरी हुई थीं, जिन्हें वन अमले ने जब्त किया।
इसके बाद तमनार रेंज के सराईपाली के गौरमुड़ी राजस्व क्षेत्र से भी अवैध लकड़ी परिवहन की जा रही थी, जिसे वन अमले ने पकड़ा। इस दौरान मौके से 85 साल के लट्ठे भी बरामद हुए। मई में घरघोड़ा और तमनार रेंज की सीमा पर उड़नदस्ता टीम ने कार्रवाई कर ट्रक में लदी अवैध लकड़ी जब्त की थी।