बिलासपुर में जिला कोर्ट के निर्माणाधीन भवन के गेट के पास सड़क हादसे में तहसीलदार के बेटे की मौत हो गई। अब पुलिस ने ट्रक ड्राइवर और ठेकेदार को जिम्मेदार माना है। दोनों के खिलाफ गैर-इरादतन हत्या का केस दर्ज किया गया है। घटना सिविल लाइन थाना क्षेत्र की है।
दरअसल, मंगलवार सुबह ट्रक और बाइक की टक्कर में गंभीर रूप से घायल तहसीलदार के बेटे की मौत हो गई थी।
पुलिस के अनुसार, 10 फरवरी की दोपहर शाम 4:30 बजे जिला न्यायालय के पास एक निर्माणाधीन बिल्डिंग में मटैरियल लेकर ट्रक क्रमांक सीजी 29 एसी 0934 पहुंचा था। ठेकेदार के कहने पर ड्राइवर ट्रक को मुख्य मार्ग पर गेट से बैक कर रहा था।
व्यस्त सड़क होने के बावजूद मौके पर कोई सुरक्षा संकेतक नहीं लगाए गए थे और न ही पीछे देखने के लिए किसी व्यक्ति को खड़ा किया था। इसी दौरान वहां से गुजर रहे पल्सर सवार छात्र मनिंद्र भूषण श्याम पिता हनुमंत सिंह श्याम को ट्रक ने जोरदार टक्कर मार दी।
प्रत्यक्षदर्शी के बयान पर पुलिस ने की FIR
प्रत्यक्षदर्शी अमन गुप्ता के बयान और जांच के आधार पर पाया गया कि, हादसे में मनिंद्र के सिर और चेहरे पर गंभीर चोटें आई थीं। गंभीर अवस्था में उन्हें सिम्स में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में मौत का कारण सिर पर आई गंभीर चोट बताया गया है।
जानबूझकर की गई लापरवाही, इसलिए केस दर्ज
प्रधान आरक्षक की जांच में स्पष्ट हुआ कि यह केवल दुर्घटना नहीं, बल्कि जानबूझकर की गई लापरवाही का मामला है। व्यस्त सड़क पर बिना किसी सुरक्षा व्यवस्था के भारी वाहन से सामग्री खाली करना गंभीर लापरवाही माना गया। पुलिस ने ट्रक ड्राइवर और निर्माणाधीन भवन के ठेकेदार को आरोपी बनाकर कार्रवाई शुरू कर दी है।