छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में विकास कार्यों में अनियमितता के आरोप सामने आ रहे हैं। ऐसा ही एक मामला छाल क्षेत्र के पुसलदा गांव से सामने आया है, जहां प्रधानमंत्री सड़क मार्ग के तहत बनाए गए पुल और रिटर्निंगवाल के निर्माण में गंभीर गड़बड़ी की शिकायत की गई है।
ग्राम पंचायत पुसलदा की सरपंच कमला बाई राठिया ने तहसीलदार के नाम लिखित आवेदन देकर बताया है कि प्रधानमंत्री सड़क मार्ग खेदापाली से पुसलदा मार्ग पर 54 लाख रुपए की लागत से तीन छोटे पुलों का निर्माण कराया गया है। इसके अलावा पुसलदा से बेहरामुड़ा मार्ग पर मिट्टी कटाव रोकने के लिए रिटर्निंगवाल (दीवार) का निर्माण किया गया है।
सरपंच के अनुसार, मिट्टी कटाव रोकने के लिए बनाई गई दीवार में मानक के अनुरूप सरिया (लोहे) का उपयोग नहीं किया गया है। निर्माण के बाद दीवार पर पानी का छिड़काव भी नहीं किया गया, जिससे सीमेंट उखड़ने लगा है और दीवार कमजोर दिखाई दे रही है। उन्होंने इसे स्पष्ट रूप से गुणवत्ताहीन निर्माण बताया है।
सीसी रोड की गुणवत्ता पर भी सवाल
शिकायत में यह भी उल्लेख किया गया है कि सीसी रोड का निर्माण कार्य भी मानकों के अनुरूप नहीं किया गया है। निर्माण के दौरान पुराने पानी निस्तारी नाली और पाइपलाइन को तोड़ दिया गया, जिसकी अब तक मरम्मत नहीं की गई है। इससे ग्रामीणों को आवागमन में काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
शासन के दिशा-निर्देशों की अनदेखी
सरपंच कमला बाई राठिया ने आरोप लगाया है कि निर्माण कार्य में निम्न गुणवत्ता की सामग्री का उपयोग किया गया और शासन के दिशा-निर्देशों की अनदेखी की गई। उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
साथ ही उन्होंने क्षतिग्रस्त नाली और पाइपलाइन की शीघ्र मरम्मत कराने की भी मांग की है। सरपंच ने अपनी शिकायत की प्रतिलिपि मुख्यमंत्री, कलेक्टर रायगढ़ और क्षेत्रीय सांसद को भी प्रेषित की है।