छत्तीसगढ़ के महासमुंद जिले के सरायपाली थाना क्षेत्र के ग्राम कनकेबा में होली के दिन से लापता एक 9 वर्षीय नाबालिग का शव उसके घर से लगभग आधा किलोमीटर दूर खेत के पास मिला है। नाबालिग की पहचान धनेश उर्फ पीयूष निषाद के रूप में हुई है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है।
मिली जानकारी के अनुसार, ग्राम कनकेबा निवासी नृपति निषाद का बेटा धनेश निषाद होली के दिन सुबह करीब 11:15 बजे घर से निकला था। जब वह देर तक घर नहीं लौटा, तो परिवार ने आसपास उसकी तलाश की। शाम तक उसका कोई पता नहीं चलने पर परिजनों ने पुलिस को सूचना दी।
दूसरे दिन खेत में मिली लाश
पुलिस ने रात भर नाबालिग की खोजबीन की, लेकिन उसका कहीं पता नहीं चला। अगले दिन सुबह करीब 8 बजे परिवार द्वारा तलाश के दौरान धनेश का शव उसके घर के पीछे लगभग आधा किलोमीटर दूर खेत के करीब मिला। सूचना मिलते ही पुलिस और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची।
शरीर पर नहीं मिले कोई गंभीर चोट के निशान
फॉरेंसिक टीम ने शव का परीक्षण किया और आसपास छानबीन की। प्रारंभिक जांच में नाबालिग के शरीर पर कोई घातक चोट के निशान नहीं मिले हैं। हालांकि, उसके हाथ और पैर के कुछ हिस्सों को जानवरों द्वारा नोचा गया था।
पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेज दिया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत का सही कारण स्पष्ट हो पाएगा। फिलहाल, पुलिस ग्रामीणों से पूछताछ कर रही है और हर पहलू से मामले की जांच में जुटी है।
बताया गया है कि धनेश दुधीपाली बसना निवासी अपने मामा के पास रहकर पढ़ाई करता था। वह 25 फरवरी को अपने किसी रिश्तेदार के यहां दसगात्र में शामिल होने के लिए घर आया था। होली के दूसरे दिन उसका शव बरामद हुआ। परिजनों में शोक का माहौल है। धनेश अपने भाई-बहनों में सबसे बड़ा था।