छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में फायरिंग प्रशिक्षण के दौरान नगर सैनिक गंभीर रूप से घायल हो गया। गंगरेल मरादेव फायरिंग रेंज में राइफल का चैंबर फटने से यह हादसा हुआ। घायल जवान को तत्काल जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
यह घटना उस समय हुई जब लगभग 136 नगर सैनिक जवान एक माह के प्रशिक्षण के लिए गंगरेल बांध महादेव फायरिंग रेंज में मौजूद थे। सभी जवान थ्री नॉट थ्री राइफल से फायरिंग का अभ्यास कर रहे थे। अचानक एक राइफल का चैंबर फट गया, जिससे पास खड़ा जवान गंभीर रूप से घायल हो गया।
सहायक उप निरीक्षक प्रशिक्षण प्रभारी डीआर बांधे ने बताया कि माना सीटीआई से लीडरशिप कोर्स के लिए आए 136 जवानों का यह अंतिम प्रशिक्षण सत्र था। फायरिंग के दौरान बाजू में खड़े जवान की राइफल का ‘चैंबर स्टिक’ फटकर जवान की गर्दन और बाजू से छूता हुआ निकल गया
घायल की स्थिति सामान्य
जिला अस्पताल के सिविल सर्जन एके टोंडर ने जानकारी दी कि फायरिंग के दौरान घायल हुए जवान को अस्पताल लाया गया है। उनकी हालत फिलहाल सामान्य है, हालांकि उन्हें गंभीर चोटें भी आई हैं। एक्स-रे रिपोर्ट के आधार पर आगे का इलाज किया जाएगा।
घायल जवान को प्राइवेट एंबुलेंस से ले जाया गया रायपुर
राज्य सरकार ने सभी जिलों में लाइफ सपोर्ट वाली एंबुलेंस भेजी हैं। लेकिन इसके बावजूद धमतरी में एक घायल जवान को रायपुर ले जाने के लिए सरकारी एंबुलेंस नहीं मिल पाई।
इसके कारण उन्हें प्राइवेट एंबुलेंस से रायपुर के रामकृष्ण केयर अस्पताल ले जाना पड़ा।
वहीं दूसरी ओर जिला अस्पताल की लापरवाही के चलते फायरिंग में घायल नगर सैनिक को भी बेहतर इलाज के लिए प्राइवेट एंबुलेंस से रायपुर भेजना पड़ा।
फायरिंग रेंज में जवान हुआ घायल
4 मई सोमवार को धमतरी के मरादेव फायरिंग रेंज में नगरसेना का एक जवान घायल हो गया था। उसे तुरंत जिला अस्पताल लाया गया। उसके सिर में गंभीर चोट आई थी, इसलिए उसे बेहतर इलाज के लिए रायपुर के रामकृष्ण केयर अस्पताल भेजना था। इसके बाद प्राइवेट एंबुलेंस से जवान को रायपुर पहुंचाया गया।
इस मामले में सिविल सर्जन डॉ. अरुण टोंडर ने बताया कि उस समय एंबुलेंस का ड्राइवर खाना खाने गया हुआ था। उन्होंने यह भी कहा कि सरकारी एम्बुलेंस सिर्फ मेकाहारा अस्पताल तक ही मरीज ले जा सकती है, निजी अस्पताल तक नहीं।