बिलासपुर में सीएमडी कॉलेज के पास गुरुवार सुबह बाइक सवार दो युवकों ने खुद को पुलिसकर्मी बताकर एक युवक से सोने की चेन और अंगूठी ठग ली। ठगों ने डिक्की चेक करने के बहाने असली जेवर की जगह नकली रख दिए। पीड़ित को मौके पर इसका पता नहीं चला।
यह घटना नूतन चौक स्थित फ्रेंड्स रेसिडेंसी निवासी आशीष पांडेय के साथ हुई। आशीष गुरुवार सुबह करीब 11 बजे अपनी स्कूटी से यूनियन बैंक, पुराना हाईकोर्ट रोड की ओर जा रहे थे। सीएमडी कॉलेज के पास बाइक सवार दो युवकों ने उन्हें रोका।
युवकों ने खुद को पुलिसकर्मी बताते हुए कहा कि उन्हें सूचना मिली है कि आशीष की गाड़ी में नशीला सामान हो सकता है, इसलिए डिक्की की जांच करनी है। आशीष ने अपनी स्कूटी की डिक्की खोलकर दिखाई।
इसी दौरान, युवकों ने इलाके में हो रही लूटपाट की घटनाओं का हवाला देते हुए आशीष को सलाह दी कि वह अपनी गले की सोने की चेन और हाथ की अंगूठी निकालकर डिक्की में रख दें ताकि वे सुरक्षित रहें।
ठगों ने आशीष से खुद ही चेन और अंगूठी उतरवाई। फिर उन्हें कागज में लपेटने का बहाना कर बातों में उलझाते हुए बड़ी सफाई से असली जेवर की जगह नकली रख दिए। इसके बाद उन्होंने कागज को मोड़कर डिक्की में रख दिया और वहां से चले गए।
कुछ दूर जाने के बाद जब आशीष ने डिक्की खोलकर देखा, तो उनके होश उड़ गए। कागज के भीतर असली जेवर की जगह नकली रखे थे, जबकि उनकी सोने की चेन और अंगूठी गायब थी। पीड़ित के अनुसार, चोरी हुए जेवर की कीमत 2 लाख रुपए से अधिक है। इस संबंध में पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।
सीसीटीवी फुटेज के सहारे जांच शुरू
सूचना मिलते ही तारबाहर पुलिस मौके पर पहुंची और आसपास के सीसीटीवी कैमरों की जांच शुरू की। पुलिस को आशंका है कि वारदात किसी पेशेवर अंतरराज्यीय ठग गिरोह या ईरानी गैंग ने की करतूत है, जो पुलिसकर्मी बनकर लोगों को निशाना बनाते हैं। फिलहाल पुलिस बाइक नंबर और आरोपियों की पहचान करने में जुटी है।