छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में एक तरफ अवैध खनिज उत्खनन और परिवहन के खिलाफ सख्ती से कार्रवाई की जा रही है। वहीं, दूसरी तरफ पड़ोसी जिला जांजगीर-चांपा में बेखौफ उत्खनन चल रहा है। जहां से अवैध रेत का शहर में अवैध परिवहन किया जा रहा है। इधर, प्रशासन ने 2 पोकलेन मशीन, 1 जेसीबी और 20 वाहनों को जब्त किया है।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की सख्त चेतावनी के बाद कलेक्टर संजय अग्रवाल के निर्देश पर जिले में खनिज विभाग ने अलग-अलग इलाके में लगातार जांच अभियान चलाया। जिसके तहत अवैध रेत, मुरूम, चूना पत्थर और मिट्टी-ईंट के परिवहन पर सख्ती बढ़ाई गई है।
जिले में 7 से 20 मई के बीच खनिज विभाग और केंद्रीय खनिज उड़नदस्ता टीम ने अवैध खनिज उत्खनन-परिवहन के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 26 वाहन और मशीनें जब्त की हैं। इनमें 12 हाईवा, 7 ट्रैक्टर, 3 चेन माउंटेन, 2 पोकलेन, 1 जेसीबी और 1 माजदा वाहन शामिल हैं। कार्रवाई के दौरान चार वाहन चालकों के मौके से फरार होने की जानकारी भी सामने आई है।
इन इलाकों में टीम ने की छापेमारी
जांच अभियान चकरभाठा, बोदरी, सकरी, बेलगहना, रतनखंडी, करहीकछार, सलका, पोड़ी, महमंद, लालखदान, मंगला, मस्तूरी, चोरभट्ठी और लखराम इलाके में चलाया गया। इस दौरान अवैध रेत परिवहन के 14, मुरूम के 1, चूना पत्थर के 2 तथा मिट्टी-ईंट के 3 केस दर्ज किए गए।
जब्त वाहनों को सकरी, चकरभाठा, कोटा, सरकंडा थाना और लावर चौकी में रखा गया है। सोढ़ाखुर्द और करहीकछार से दो पोकलेन मशीनें भी जब्त की गईं।
नदी में मशीन उतारने पर एफआईआर
18 मई की रात केंद्रीय खनिज उड़नदस्ता और जिला टीम ने पचपेड़ी तहसील के उदईबंद और अमलडीहा गांव में निरीक्षण किया। यहां शिवनाथ नदी में रेत उत्खनन में लगी तीन चेन माउंटेन मशीनों को सील किया गया। माइनिंग एक्ट के तहत नोटिस जारी कर एफआईआर प्रक्रिया शुरू की गई है।