सड़क पर घूम रहे मवेशियों की सुरक्षा और कथित गौ तस्करी के खिलाफ गौ सेवकों ने रायपुर में दंडवत यात्रा निकाली

Chhattisgarh Crimesसड़क पर घूम रहे मवेशियों की सुरक्षा और कथित गौ तस्करी के खिलाफ गौ सेवकों ने रायपुर में दंडवत यात्रा निकाली। गौ सेवक दंडवत करते हुए कमिश्नर ऑफिस की ओर जा रहे थे, तभी पुलिस ने उन्हें रास्ते में रोक दिया।

पुलिस और गौ सेवकों के बीच बातचीत हुई, जिसके बाद मामला शांत हुआ और गौ सेवक वापस लौट गए।गौ सेवकों का कहना है कि उन्होंने पुलिस-प्रशासन से मवेशियों की सुरक्षा और कथित गौ तस्करी के मामलों में कार्रवाई की मांग की है।

गौ सेवक ओमेश बिसेन ने कहा-बातचीत में कोई समाधान नहीं निकलता और तस्करी के आरोपों पर कार्रवाई नहीं होती है, तो वे अगले दिन से अनिश्चितकाल तक रोज दंडवत यात्रा निकालकर कमिश्नर ऑफिस पहुंचेंगे।

वहीं गौ सेवक प्रकाश यादव और अरविंद कुमार सिंह ने ने कहा कि तस्करों के साथ खुले में मवेशियों को छोड़ रहे ग गौ मालिकों पर भी कार्रवाई होनी चाहिए उनके खिलाफ भी एक्शन अगर प्रशासन नहीं लेता तो आंदोलन जारी रहेगा।

रायपुर के आसपास से तस्करी का लगाया आरोप

गौ सेवकों ने आरोप लगाया कि रायपुर के सरोना, बिरगांव और आरंग क्षेत्र में कुछ लोग अलग-अलग गैंग बनाकर गांवों से गौवंश और भैंसों को इकट्ठा कर रहे हैं और उन्हें कत्लखानों तक ले जाया जा रहा है।

यह भी दावा किया गया है कि रायपुर के आसपास से रोज दर्जनों ट्रकों में गौवंश और भैंसों को ले जाया जा रहा है। गौ सेवकों ने कुछ लोगों के खिलाफ पहले भी अलग-अलग थानों में तस्करी के मामले दर्ज होने का आरोप लगाया है। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है।

वाहनों की जब्ती और सख्त कार्रवाई की मांग

गौ सेवकों ने कथित तस्करी में इस्तेमाल होने वाले वाहनों को जब्त करने और कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। उनका कहना है कि लगातार कार्रवाई होने से ही गौ तस्करी पर रोक लगाई जा सकती है।

बातचीत के बाद वापस लौटे, कार्रवाई नहीं हुई तो फिर यात्रा की चेतावनी

पुलिस की ओर से रास्ते में रोके जाने के बाद गौ सेवकों और पुलिस के बीच बातचीत हुई। इसके बाद गौ सेवक वापस लौट गए।

उन्होंने चेतावनी दी है कि अगर उनकी मांगों पर कार्रवाई नहीं हुई तो अगले दिन से रोज दंडवत यात्रा निकालकर कमिश्नर ऑफिस तक जाएंगे और यह सिलसिला अनिश्चितकाल तक जारी रखेंगे।