
कुछ मामलों में निष्कासन समाप्त करने का फैसला लिया गया, जबकि कई प्रकरणों को फिलहाल लंबित रखा गया। इस बैठक में अमित जोगी, रेणु जोगी और बृहस्पति सिंह से जुड़े प्रकरणों पर भी चर्चा हुई। अमित जोगी के मामले में समिति ने फिलहाल अंतिम फैसला नहीं लिया और प्रकरण लंबित रखा है।इस बैठक में पार्टी अनुशासन को लेकर भी चर्चा हुई। समिति ने स्पष्ट किया कि, पार्टी के खिलाफ बयानबाजी या गतिविधियों को अनुशासनहीनता के तौर पर देखा जा सकता है। मीडिया के जरिए दिए गए पार्टी विरोधी बयान भी कार्रवाई के दायरे में आएंगे।
चुनाव के समय हुई कार्रवाई की समीक्षा
इस समिति ने विधानसभा और निकाय चुनाव के दौरान नेताओं के खिलाफ हुई कार्रवाई के मामलों पर भी विचार किया। इसके साथ ही कांग्रेस में दोबारा प्रवेश के लिए मिले आवेदनों पर भी चर्चा हुई।
इस बैठक में वरिष्ठ कांग्रेस नेता धनेन्द्र साहू, प्रभारी सचिव एस. संपत, जरिता लैतफलांग और विजय जांगिड वर्चुअल रूप से जुड़े। प्रभारी महामंत्री मलकीत सिंह गैदू, धनेश पाटिला, प्रतिमा चंद्राकर, रवि घोष, जेपी श्रीवास्तव, दीपक मिश्रा और नरेश ठाकुर सहित अन्य सदस्य मौजूद रहे।
कुल 36 आवेदनों पर हुई चर्चा के बाद समिति ने कुछ मामलों में कार्रवाई समाप्त करने का निर्णय लिया, जबकि बाकी मामलों पर आगे विचार किया जाएगा।