
इस बार गणेश उत्सव के समापन पर निकलने वाली विसर्जन झांकियों को सम्मानित किया जाएगा। अखिल भारतीय संत समिति, शाखा छत्तीसगढ़ की ओर से झांकियों और समितियों के लिए पुरस्कार प्रतियोगिता रखी गई है। बेहतर प्रस्तुति देने वाली समितियों को पहला, दूसरा और तीसरा पुरस्कार दिया जाएगा।
विजेताओं को क्रमशः 51 हजार, 31 हजार और 21 हजार रुपए की पुरस्कार राशि दी जाएगी। विसर्जन के दौरान शहर से निकलने वाली झांकियों का ज्यूरी कमेटी मूल्यांकन करेगी। झांकियों की प्रस्तुति, धार्मिक और सांस्कृतिक स्वरूप, सजावट और अनुशासन समेत तय मापदंडों के आधार पर विजेताओं का चयन किया जाएगा।
समिति के अनुसार, प्रतियोगिता का उद्देश्य सिर्फ पुरस्कार देना नहीं है, बल्कि इसके जरिए गणेश उत्सव से जुड़ी धार्मिक और सांस्कृतिक परंपराओं को बढ़ावा देना भी है।
हर सहभागी समिति को मिलेगा सम्मान
प्रतियोगिता में पहला स्थान पाने वाली समिति को 51 हजार, दूसरे स्थान वाली समिति को 31 हजार और तीसरे स्थान वाली समिति को 21 हजार रुपए का पुरस्कार दिया जाएगा। इसके अलावा विसर्जन में शामिल सभी समितियों और झांकियों को सांत्वना पुरस्कार देकर सम्मानित किया जाएगा। इससे समितियों को बेहतर प्रस्तुति के लिए प्रोत्साहन मिलेगा।
सनातन परंपराओं को बढ़ावा देने की पहल
समाजसेवी बसंत अग्रवाल ने बताया कि इस पहल का उद्देश्य गणेश विसर्जन में शामिल समितियों और झांकियों का उत्साह बढ़ाना है। साथ ही धार्मिक और सांस्कृतिक परंपराओं को आगे बढ़ाने के लिए समितियों को प्रोत्साहित करना है। उन्होंने कहा कि विसर्जन में शामिल सभी समितियों को सम्मानित किया जाएगा।
इस आयोजन की जानकारी अखिल भारतीय संत समिति, शाखा छत्तीसगढ़ की ओर से दी गई। कार्यक्रम साधु-संतों की ओर से आयोजित किया जा रहा है। इस दौरान संत राजीव लोचन और बसंत अग्रवाल मौजूद रहे।
जयस्तंभ चौक से महादेव घाट तक निकलेगी झांकी
झांकी आज (सोमवार) शाम 6 बजे शारदा चौक से शुरू होकर जयस्तंभ चौक, मालवीय रोड, कोतवाली चौक, सदर बाजार, कंकालीपारा चौक, पुरानी बस्ती थाना तिराहा, लाखेनगर चौक, सुंदरनगर रोड और रायपुरा चौक होते हुए महादेव घाट विसर्जन स्थल पहुंचेगी।
झांकी मार्ग पर शाम 6 बजे से सभी तरह के वाहनों की आवाजाही प्रतिबंधित रहेगी। इस दौरान केवल झांकी और पैदल श्रद्धालुओं को प्रवेश की अनुमति होगी।