छत्तीसगढ़ के बिलासपुर के बेलतरा विधानसभा इलाके में जमीन सीमांकन के विरोध में कांग्रेस ने प्रदर्शन किया

Chhattisgarh Crimesछत्तीसगढ़ के बिलासपुर के बेलतरा विधानसभा इलाके में जमीन सीमांकन के विरोध में कांग्रेस ने प्रदर्शन किया। कलेक्ट्रेट का घेराव करने निकले कांग्रेसियों को रोकने के लिए पुलिस ने 3 लेयर की बैरिकेडिंग कर रखी थी, जिसे प्रदर्शनकारियों ने तोड़ दिया। इसके साथ ही उन्हें रोकने के लिए वाटर कैनन का इस्तेमाल किया गया।

बेलतरा कांग्रेस कमेटी के ब्लॉक अध्यक्ष धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि, बीजेपी विधायक सुशांत शुक्ला के दबाव में प्रशासन कार्रवाई कर रहा है। अब सहने की क्षमता खत्म हो गई है। इसलिए विधायक के खिलाफ विरोध जताया गया।

जिला सहकारी बैंक बिलासपुर के पूर्व अध्यक्ष प्रमोद नायक ने कहा कि, कांग्रेस नेता धनंजय सिंह ठाकुर की खेत का बारिश के दौरान सीमांकन कर दिया गया। यह दुर्भाग्यपूर्ण है। नियम-कानून के अनुसार काम करेंगे, तो निश्चित रूप से हम आपके साथ हैं। लेकिन राजनीतिक दबाव में आकर काम करेंगे तो हम बर्दाश्त नहीं करेंगे।

जानिए क्या है पूरा मामला

दरअसल, विवाद की शुरुआत 16 सितंबर को हुई थी। ग्राम सेलर के सरपंच और बेलतरा ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष धनंजय सिंह ठाकुर ने सोशल मीडिया पर पोस्ट डालकर आरोप लगाया था कि, तहसीलदार के मौखिक आदेश पर पटवारी उनकी जमीन का सीमांकन करने पहुंचे।

जबकि खेत में धान की फसल खड़ी थी। उन्होंने प्रशासनिक अमले पर बेलतरा विधायक के दबाव में काम करने का आरोप लगाया था। इसके बाद विधायक ने धनंजय सिंह ठाकुर को मानहानि का लीगल नोटिस भेजा है। इसके विरोध में पूर्व जिलाध्यक्ष विजय केशरवानी के नेतृत्व में कांग्रेस ने 13 अक्टूबर को कलेक्ट्रेट का घेराव करने का ऐलान किया था।

विधायक के दबाव में हुई कार्रवाई- धनंजय सिंह

बेलतरा कांग्रेस कमेटी के ब्लॉक अध्यक्ष और ग्राम पंचायत सेलर के सरपंच धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि, मैं पिछले तीन साल से प्रताड़ित हूं। तीन एफआईआर भी हुई। भाई ईंट भट्टा चलाता है, उसमें तहसीलदार सीमांकन कराने पहुंच गईं।

उन्होंने कहा कि तहसीलदार ने बताया कि, विधायक सुशांत का दबाव है। इसलिए बिना नोटिस दिए कार्रवाई की गई। इसके बाद नोटिस भी जारी किया गया। इस दौरान उनके बाजू में भी मेरी जमीन निकली, जिसकी जानकारी मुझे नहीं थी। इससे पहले किसी भी विधायक का इस तरह विरोध नहीं हुआ है।

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