
यह कार्रवाई तहसीलदार मरवाही के रिपोर्ट के आधार पर की गई है। रिपोर्ट के मुताबिक, मरवाही क्षेत्र में अतिक्रमण हटाने की वैधानिक कार्रवाई के दौरान सविता चंद्रा मौके पर पहुंचीं। आरोप है कि उन्होंने सरकारी काम में बाधा डाली और अनुविभागीय अधिकारी राजस्व, तहसीलदार सहित अन्य मैदानी कर्मचारियों के खिलाफ अमर्यादित शब्दों का इस्तेमाल किया। साथ ही भीड़ को उकसाने की कोशिश भी की।
सिविल सेवा आचरण नियमों के उल्लंघन पर कार्रवाई
शासन ने इस कृत्य को छत्तीसगढ़ सिविल सेवा आचरण नियम, 1965 के नियम 3 का उल्लंघन माना है। इसके आधार पर छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम, 1966 के नियम 9(1)(क) के तहत निलंबन की कार्रवाई की गई है।
जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय होगा मुख्यालय
निलंबन अवधि के दौरान सविता चंद्रा का मुख्यालय जिला गौरेला-पेंड्रा-मरवाही के जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय में तय किया गया है। उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता दिया जाएगा।