
इसी बीच सूरजपुर जिले के खड़गवा-गुडरूडांड गांव में पुल डैमेज होने से बच्चों को स्कूल पहुंचाने के लिए परिजनों को उफनती नदी पार करनी पड़ रही है। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में परिजन बच्चों को पीठ पर बैठाकर नदी पार कराते नजर आ रहे हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि पुल डैमेज होने से स्कूल, इलाज, बाजार और रोजमर्रा के कामकाज प्रभावित हो रहे हैं। कई बार शिकायत करने के बावजूद अब तक पुल की मरम्मत नहीं कराई गई
वहीं, कबीरधाम जिले के ढोलढोली रपटा मार्ग पर तेज बहाव में 20 से 25 यात्रियों से भरी पिकअप फंस गई थी, जिन्हें ग्रामीणों ने महिलाओं और बच्चों समेत सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
आकाशीय बिजली गिरने की घटनाएं भी सामने आई हैं। कोरबा जिले के उरगा थाना क्षेत्र के ग्राम तुमान में खेत में काम कर रहे किसान धनीराम पटेल (75) की मौत हो गई, जबकि उनका बेटा गंभीर रूप से घायल हो गया। इससे एक दिन पहले सक्ती जिले में भी बिजली गिरने से पति-पत्नी की मौत हो गई थी।
पिछले 24 घंटे के दौरान प्रदेश के सभी संभागों में कहीं-कहीं भारी बारिश दर्ज की गई, जबकि बिलासपुर संभाग के कुछ इलाकों में बहुत भारी बारिश हुई। हालांकि मानसून के सक्रिय होने के बावजूद अब तक प्रदेश में सामान्य से 46% कम बारिश रिकॉर्ड की गई है।