
70 हजार रुपए की सहायता राशि
मृतक के परिजनों ने मुआवजे की मांग को लेकर सड़क पर शव रखकर जाम लगा दिया। थाना प्रभारी युवराज तिवारी तुरंत मौके पर पहुंचे और उन्होंने 70 हजार रुपए की सहायता राशि दी, जिसके बाद चक्का जाम समाप्त हुआ।
कंपनी ने कर्मचारी मानने से किया इनकार
साथी ठेका कर्मी लखन निर्मल ने बताया कि वह चप्पल पहनकर काम कर रहा था, इसलिए सतीश को खंभे पर चढ़ना पड़ा। सीएसईबी ने सतीश को अपना कर्मचारी मानने से इनकार कर दिया है। लाइन के अधिकारी प्राइवेट तौर पर ठेका कर्मियों से काम करवाते हैं, लेकिन उन्हें सुरक्षा उपकरण नहीं दिए जाते।