
2012 बैच के आईपीएस अधिकारी आशुतोष सिंह उस समय चर्चा में आए थे, जब छत्तीसगढ़ के सभी कलेक्टर और एसपी की कानून व्यवस्था को लेकर संयुक्त बैठक हुई थी। इस बैठक के दौरान गृहमंत्री विजय शर्मा और एसपी आशुतोष सिंह के बीच तीखी बहस हुई थी।
इस घटना के बाद विपक्ष ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा था कि जब गृहमंत्री की बात एसपी नहीं सुन रहे हैं, तो आम जनता का क्या होगा। केंद्रीय गृह विभाग की ओर से जारी आदेश में केवल महासमुंद एसपी आशुतोष सिंह का ही नाम शामिल है, जिससे इस तबादले को उक्त घटना से जोड़ा जा रहा है।