शोषित पीडित वंचित समुदाय का हक अधिकार को लेकर संघर्ष निरंतर जारी रहेगा,सोम

Chhattisgarh Crimes Chhattisgarh Crimes Chhattisgarh Crimes Chhattisgarh Crimes

*वर्षों के बुनियादी मांँग को निराकरण करने में शासन प्रशासन विफल अब बैठेंगे भूख हड़ताल में जनपद सदस्य सिरधन सोम*

पूरन मेश्राम/गरियाबंद।लोकतांत्रिक देश में अंतिम पंक्ति में रहने वाले सुदूर वनांचल के रहवासी आजादी के 79 वें वर्षों बाद भी शिक्षा,स्वास्थ,आवागमन, पुल पुलिया, शुद्ध पेयजल, बिजली के लिए तरस रहा हो इससे बड़ा देश के लिए क्या दुर्भाग्य हो सकता है। ऐसा भी नहीं है,कि केंद्र और राज्य सरकार इनके विकास के साथ ही दशा और दिशा बदलने में कृत संकल्पित नही है। बावजूद बुनियादी सुविधा उन गांवों तक क्यों नहीं पहुंँच पा रही है। क्षेत्र वासियों के द्वारा सैद्धांतिक तरीके से अपनी मांँगों को मनवाने के लिए कई बार शासन प्रशासन को पत्राचार आवेदन निवेदन सैद्धांतिक धरना प्रदर्शन भी किया गया लेकिन मामला जस के तस बना हुआ है।

*मामला कहां का और कैसा*

धमतरी जिला,नगरी ब्लाक के सुदूर वनांँचल जनपद सदस्य निर्वाचन क्षेत्र क्रमांक 25 मेचका के अंतर्गत 4 ग्राम पंचायत के 19 ग्राम के रहवासी आज भी बुनियादी सुविधाओं के अभाव में नारकीय जीवन जीने के लिए मजबूर हो रहे हैं।

शोषित, पीड़ित,वंचित समुदाय को हक अधिकार दिलाने के लिए क्षेत्र के संघर्षशील युवा जनपद सदस्य सिरधन सोम ने 15 जनवरी 2026 दिन गुरूवार को कलेक्टर धमतरी के नाम एसडीएम नगरी को ज्ञापन देकर 27/ 1/ 2026 दिन मंगलवार को रावण भाँठा नगरी में मांँग पूरा नहीं होने पर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल में बैठने का चेतावनी दे दिया है। जिनकी जवाबदेही और जिम्मेदारी प्रशासन को ठहराया है। प्रेस विज्ञप्ति में श्री सोम ने बताया कि जिला धमतरी के विकासखंड नगरी जो संविधान के अंतर्गत अधिसूचित अनुसूचित क्षेत्र है। जहां पंचायत अनुसूचित क्षेत्र के विस्तार अधिनियम 1996 पेसा एक्ट लागू है। इस क्षेत्र में निवासरत मूल निवासी समुदाय को संविधान के अनुच्छेद 244 (1) पांचवी अनुसूची तथा पेसा अधिनियम के अंतर्गत विशेष संरक्षण एवं अधिकार प्राप्त है। मुझे क्षेत्र के लोगो ने त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव द्वारा जनपद सदस्य के रूप में चुनकर क्षेत्र के विकास के लिए भेजा गया है। मैंने कई बार शासन प्रशासन को क्षेत्र के विकास के लिए आवेदन निवेदन किया गया लेकिन आज भी क्षेत्रवासी बुनियादी सुविधाओं के लिए तरसने को मजबूर है।

*जनहित में मांग*

1,राज्य सरकार के घोषणानुसार प्रति एकड़ 21 क्विंटल धान खरीदी तय समय सीमा में किया जावे साथ ही विकासखंड नगरी पांचवी अनुसूची क्षेत्र होने के बाद भी अधिकारी कर्मचारी मनमानी करते हुए घर-घर जाकर रकबा समर्पण कर रहे हैं उसे बंद कर सभी किसानों का बिना परेशानी के घोषणा के अनुरूप धान खरीदी किया जावे।

2, हाई स्कूल तुमडीबहार को हायर सेकेंडरी स्कूल में उन्नयन किया जावे।

3,विगत 6 माह से उप स्वास्थ्य केंद्र बेलबाहरा मे एएनएम एवं आर एच ओ के पद रिक्त है। तत्काल पूरा किया जावे।

4,सोंडूर बाँध से ग्राम बेलरबाहरा तुमडीबाहर,

ठेनहीबासीन,गाताभर्री,

अर्जुनी,दौड़पन्डरीपानी, घोरागाँव नवागाँव (सा) गाहनासियार,भीरागाँव तक नहर नाली का विस्तार किया जावे।

5,ग्राम लिलाँज बोईरगाँव मेचका तक विद्युतीकरण एवं पक्की सड़क निर्माण कार्य कराई जावे।

6,थाना मेचका से लेकर सोडूर बाँध जीरो होते हुए बेलरबाहरा उप स्वास्थ्य केंद्र तक पक्की सड़क निर्माण कार्य किया जावे।

7, वन विभाग के द्वारा स्वीकृत दौड़नाला में रपटा निर्माण कराई जावे।

8, मुख्य सड़क अर्जुनी से मुख्य बस्ती अर्जुनी तक 1.50 किमी तक पक्की सड़क सह पुलिया निर्माण कार्य कराई जावे।

9,पक्की सड़कअरसीकन्हार से अर्जुनी तक सड़क मरम्मत कार्य PWD 5किमी, 4 किमी गाताभर्री से दौड़ पंडरीपानी तक एवं गहनासियार से भीरागांँव तक 5 किलोमीटर पक्की सड़क निर्माण कार्य कराई जावे।आगे श्री सोम ने कहा कि यह मांँग क्षेत्र वासियों की पीड़ा एवं संविधान में निहित न्याय की भावना के साथ मैंने प्रशासन को प्रस्तुत कर दिया गया है। लेकिन अभी तक इस गंभीर मामले पर कोई संवाद नहीं किया जाना दुखद है। सकारात्मक पहल नहीं होने तक शांतिपूर्ण तरीके से आमरण अनशन पर बैठा रहूंँगा। जिला धमतरी नगरी ब्लाक के समस्त इलेक्ट्रॉनिक एवं प्रिंट मीडिया सहित समस्त क्षेत्र वासियों से इस गंभीर मुद्दे पर सार्थक सहयोग एवं मार्गदर्शन करने का अपील भी किया है। अब देखना होगा शासन प्रशासन के द्वारा इस गंभीर मामले पर न्याय संगत क्या पहल करती है।