
एसएसपी रजनेश सिंह ने बताया कि मूलत: कोरिया के बैकुंठपुर निवासी ट्रक चालक राज सिंह अपने हेल्पर पारस केंवट के साथ सीमेंट लोड कर मनेंद्रगढ़ जा रहा था। घटना 17 अगस्त 2025 की सुबह करीब 4:30 बजे कोनी थाना क्षेत्र के गतौरी के पास की है।
उनकी ट्रेलर पंचर हो गई थी। इस पर हेल्पर पारस केंवट टॉयर बदल रहा था। उसी समय बाइक सवार तीन बदमाश उसके पास पहुंचे। आरोपियों ने चाकू दिखाकर उससे 6000 रुपए और मोबाइल लूट लिए।
विरोध करने पर रॉड-चाकू से हमला
इस दौरान हेल्पर ने विरोध किया, तो बदमाशों ने उस पर रॉड-चाकू से हमला कर दिया। जिससे वो गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल हेल्पर प्राथमिक उपचार के बाद अनुपपुर अपने घर चला गया।
23 अगस्त को हालत बिगड़ने पर परिजन उसे कोतमा अस्पताल ले जा रहे थे, तभी रास्ते में उसकी मौत हो गई। मध्यप्रदेश पुलिस की मर्ग डायरी और पीएम रिपोर्ट में मौत का कारण मारपीट से आई चोटों के कारण हुआ संक्रमण बताया गया है।
हाईवे पर लूटपाट, जेल से छूटे आरोपियों ने खोला राज
कोनी पुलिस और एसीसीयू की टीम ने हत्या के इस केस की जांच शुरू की। इस दौरान हाईवे पर लूटपाट करने वाले गैंग की जानकारी जुटाई गई। इस दौरान पता चला कि सिमगा में हाईवे पर लूटपाट करने वाला गैंग जेल से छूटा है।
जिस पर पुलिस ने सिरगिट्टी के बजरंगपारा के जय दिवाकर को पकड़कर पूछताछ की। उसने अपने गैंग के साथ हिर्री और चकरभाठा में भी लूटपाट करना स्वीकार किया। जिसके बाद तिफरा निवासी सूरज साहू (20), मन्नाडोल से प्रदीप धुरी (19) को पुलिस ने पकड़ कर पूछताछ की।
हेल्पर की लूट और हत्या की वारदात को दिया अंजाम
इस गैंग के दिवाकर ने बताया कि अगस्त महीने में रतनपुर रोड पर गतौरी के पास उन्होंने हेल्पर से लूटपाट की थी। विरोध करने पर हेल्पर के साथ विवाद हुआ था, तब उन्होंने मिलकर रॉड व चाकू से हमला किया था।
उससे पूछताछ के बाद पुलिस ने तिफरा निवासी सूरज साहू (20), मन्नाडोल से प्रदीप धुरी (19) को पुलिस ने पकड़ कर पूछताछ की। अपराध कबूलने पर उन्हें गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है।