
इधर, संतोष गुप्ता की शिकायत पर पुलिस ने आज व्यापारी चांडकमल सोनी को भी गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उन्हें भी मुचलके पर छोड़ दिया गया है। संतोष गुप्ता को 18 जनवरी को गिरफ्तार किया गया था, जबकि चांडकमल सोनी को 20 जनवरी को गिरफ्तार किया गया। पुलिस अफसरों का कहना है कि जल्द ही इन दोनों मामले में कोर्ट में चालान पेश किया जाएगा।
दोनों ने करवाई थी FIR दर्ज
दरअसल, गीदम के सर्राफा व्यापारी चांडकमल सोनी का आरोप था कि संतोष गुप्ता ने उन्हें अपने घर में मारा है, जबकि संतोष गुप्ता ने अपने ऊपर लगे इन आरोपों को गलत बताया था। उन्होंने चांडकमल सोनी पर उनके घर में घुसकर हाथापाई का आरोप लगाया था। पुलिस ने मामले की जांच की और दोनों पक्षों के आवेदन के बाद 13 जनवरी को दोनों पक्षों के बीच मारपीट के मामले में काउंटर FIR दर्ज की थी।
दंतेवाड़ा के SP गौरव राय ने कहा कि, दोनों पक्षों पर नियमतः वैधानिक कार्रवाई की गई है। आगे की कार्रवाई जारी है। गीदम थाना प्रभारी विजय पटेल ने कहा कि, दोनों पक्षों के खिलाफ कार्रवाई हुई है। गिरफ्तारी के बाद मुचलका में छोड़ दिया गया है।
दोनों पर लगी थी ये धाराएं
1. BNS की धारा 115 (2) – जानबूझकर चोट पहुंचना पीड़ित की शिकायत पर FIR दर्ज होती है। चोट का मेडिकल (MLC) कराया जाता है। यदि हथियार या फिर गंभीर चोट के सबूत हों तो आरोपी की गिरफ्तारी संभव है। पुलिस जांच कर चार्जशीट कोर्ट में पेश करती है।
2. BNS की धारा 351(2) – गंभीर आपराधिक धमकी पीड़ित की शिकायत पर FIR दर्ज होती है। कॉल रिकॉर्डिंग, मैसेज, गवाह जैसे सबूत जब्त किए जाते हैं। धमकी गंभीर हो तो तत्काल गिरफ्तारी संभव है।