
दरअसल, पीड़िता 30 जनवरी को अपनी मां के साथ महिला थाना, दुर्ग पहुंची थी। उसने लिखित आवेदन देकर बताया कि अप्रैल 2018 से अक्टूबर 2025 के बीच, नाबालिग होने की जानकारी होने के बावजूद 6 लोगों ने अलग-अलग समय पर रेप और गैंगरेप किया।
आरोपियों ने पहले नौकरी दिलाने का झांसा दिया और फिर लगातार उसका शोषण किया। आरोप है कि लंबे समय तक चले इस अपराध से वह मानसिक और शारीरिक रूप से गंभीर रूप से प्रभावित रही।
14 साल की उम्र में पहली बार रेप
शिकायत के अनुसार, नाबालिग के साथ पहली बार 14 साल की उम्र में रेप हुआ था। इसके बाद यह सिलसिला लगातार चलता रहा। आरोपियों ने नौकरी दिलाने का लालच देकर एक के बाद एक पीड़िता के साथ रेप किया।
कई बार गैंगरेप की वारदात को भी अंजाम दिया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए महिला थाना पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 65(1), 70(2) और पॉक्सो एक्ट की धारा 6, 12 के तहत केस दर्ज किया।