
3 मोबाइल जब्त किए गए
पूछताछ में साक्षी सिंह ने स्वीकार किया कि वह अपने एक साथी के साथ मिलकर पुणे की डी.वाई. पाटिल यूनिवर्सिटी के नाम से फर्जी MBBS और BAMS डिग्री तैयार कर गिरोह को उपलब्ध कराती थी। पुलिस ने उसके कब्जे से 3 मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं। 17 फरवरी दर्ज कराई थी शिकायत
दरअसल, इस मामले में 17 फरवरी 2026 को संजय निराला ने शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने आरोप लगाया था कि आरोपियों ने पोस्ट ऑफिस में नौकरी दिलाने और फर्जी सर्टिफिकेट देने के नाम पर उनसे और उनके रिश्तेदारों से 2.34 करोड़ रुपए ठग लिए।
4 आरोपियों की हो चुकी है गिरफ्तारी
इस केस में पहले ही 4 आरोपी भुनेश्वर बंजारे, नरेश मनहर, हीरा दिवाकर और राकेश रात्रे गिरफ्तार किया जा चुका है। अब साक्षी सिंह की गिरफ्तारी के बाद पुलिस पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी है और अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है।