छत्तीसगढ़ के धमतरी में रामनवमी पर्व को लेकर शांति समिति की बैठक आयोजित की गई। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि सभी कार्यक्रम सुप्रीम कोर्ट के दिशा-निर्देशों के अनुरूप होंगे और नियमों का पालन अनिवार्य होगा। अस्त्र-शस्त्र प्रदर्शन पूरी तरह बैन लगाया गया है। यह बैठक जिले में रामनवमी के शांतिपूर्ण और व्यवस्थित आयोजन को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से बुलाई गई थी। इसमें रामनवमी आयोजन समिति के पदाधिकारी, शहर के गणमान्य नागरिक, पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे।
धमतरी में साल 2008 से रामनवमी आयोजन समिति की ओर से हर साल शोभायात्रा निकाली जाती रही है। इस साल भी आयोजन की तैयारियां तेज हो गई हैं। बैठक में सुरक्षा व्यवस्था, यातायात प्रबंधन, ध्वनि नियंत्रण और कानून-व्यवस्था बनाए रखने जैसे अलग-अलग विषयों पर से चर्चा की गई। आकर्षक झांकियां शामिल होंगी
परंपरा के अनुसार, बनियापारा से भगवान श्रीराम-जानकी का रथ नगर भ्रमण के लिए निकलेगा, जिसमें कई आकर्षक झांकियां शामिल होंगी। आयोजन में डीजे, धुमाल और पारंपरिक वाद्य यंत्रों का भी समावेश रहेगा।
प्रशासन ने सुप्रीम कोर्ट के निर्देशानुसार रात 10 बजे के बाद लाउडस्पीकर और ध्वनि विस्तारक यंत्रों के उपयोग पर प्रतिबंध की जानकारी दी। साथ ही देर रात तक दुकानें खुली रखने से बचने की अपील भी की गई। अस्त्र-शस्त्र के प्रदर्शन पर प्रतिबंध
पिछले सालों की घटनाओं को ध्यान में रखते हुए, इस बार शोभायात्रा में किसी भी प्रकार के अस्त्र-शस्त्र के प्रदर्शन पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया गया है। शोभायात्रा में शामिल होने वाले लोगों से शांतिपूर्ण ढंग से भाग लेने, नशा सेवन से दूर रहने और प्रशासनिक निर्देशों का पालन करने की अपील की गई है।
26 मार्च को निकलेगी बाइक रैली
रामनवमी आयोजन समिति के तीरथ राज फुटान और अशोक पवार ने बताया कि हर साल की तरह इस साल भी दो दिवसीय विशेष कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। 26 मार्च को शहर में बाइक रैली निकाली जाएगी, जबकि 27 मार्च को श्री रामनवमी की भव्य शोभायात्रा निकलेगी।
उन्होंने श्रद्धालुओं से नियमों का पालन करते हुए अनुशासित और धार्मिक वातावरण में शामिल होने की अपील की।साथ ही श्री राम जन्मोत्सव पर सभी अपने घरों में पांच दीप जलाने की अपील की गई है। सुप्रीम कोर्ट के दिशा-निर्देशों का पालन करने के निर्देश
एसडीएम पीयूष तिवारी ने बताया कि शांति समिति की बैठक में सभी आयोजकों को सुप्रीम कोर्ट के दिशा-निर्देशों का कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए गए हैं। शोभायात्रा समय पर प्रारंभ कर शीघ्र समापन करने, तेज ध्वनि पर नियंत्रण रखने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने पर विशेष जोर दिया गया है।
उन्होंने चेतावनी दी कि नियमों का उल्लंघन होने पर संबंधित लोगों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी।