जतमई धाम को प्लास्टिक मुक्त बनाने विधायक, कलेक्टर सहित नागरिकों ने किया श्रमदान

Chhattisgarh Crimes युमेन्द्र कश्यप/गरियाबंद। सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत ‘सेवा मेरा योगदान’ कार्यक्रम के तहत शनिवार को जतमई माता मंदिर परिसर में वृक्षारोपण एवं प्लास्टिक मुक्त स्वच्छता अभियान आयोजित किया गया। गरियाबंद वनमंडल द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में राजिम विधायक श्री रोहित साहू, कलेक्टर श्री रणबीर शर्मा, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री प्रखर चंद्राकर और वनमंडलाधिकारी श्री मयंक पांडे सहित जनप्रतिनिधियों एवं नागरिकों ने सहभागिता निभाई। अतिथियों ने पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया और हाथों में झाड़ू लेकर मंदिर परिसर के विभिन्न हिस्सों की सफाई की। सभी ने कचरा एकत्र कर धार्मिक एवं पर्यटन स्थलों को स्वच्छ और प्लास्टिक मुक्त बनाए रखने का संकल्प लिया। कार्यक्रम के दौरान विधायक श्री रोहित साहू ने रुद्राक्ष का पौधा लगाया, जबकि कलेक्टर श्री रणबीर शर्मा ने वटवृक्ष का पौधा रोपण किया। अन्य अतिथियों ने भी पौधरोपण कर हरित वातावरण विकसित करने और प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण का संदेश दिया। पौधरोपण के बाद जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों और नागरिकों ने हाथों में झाड़ू लेकर मंदिर परिसर के विभिन्न हिस्सों में सफाई की। इस दौरान कचरे को एकत्र किया गया और लोगों को स्वच्छता बनाए रखने के लिए प्रेरित किया गया। अभियान के माध्यम से वृक्षारोपण, जल संरक्षण, जैव विविधता संरक्षण और पर्यावरण सुरक्षा के महत्व को रेखांकित किया गया। कार्यक्रम के दौरान अतिथियों ने जतमई माता मंदिर में दर्शन कर जिले की सुख-समृद्धि एवं खुशहाली की कामना की। इस अवसर पर जिला पंचायत सभापति श्रीमती शिवांगी चतुर्वेदी, जनपद पंचायत अध्यक्ष श्रीमती मीरा ठाकुर सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में नागरिकगण मौजूद रहे।

विकसित भारत के सपने को साकार करने में जनभागीदारी जरूरी – विधायक श्री रोहित साहू

राजिम विधायक श्री रोहित साहू ने कहा कि विकसित भारत के संकल्प को साकार करने के उद्देश्य से 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक सेवा संकल्प अभियान चलाया जा रहा है। इसके अंतर्गत विभिन्न विभागों द्वारा जनजागरूकता एवं जनभागीदारी से जुड़े कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसी कड़ी में जतमई धाम में वृक्षारोपण एवं स्वच्छता अभियान आयोजित किया गया है। उन्होंने कहा कि सरकार की मंशा लोगों को स्वच्छ वातावरण उपलब्ध कराने की है, लेकिन इस उद्देश्य की पूर्ति के लिए समाज के प्रत्येक व्यक्ति की सहभागिता आवश्यक है। धार्मिक एवं पर्यटन स्थलों को स्वच्छ रखना हम सभी की जिम्मेदारी है। लोगों को अपने घर के साथ-साथ आसपास के सार्वजनिक स्थलों की साफ-सफाई पर भी ध्यान देना चाहिए। विधायक श्री साहू ने लोगों से एकल उपयोग वाले प्लास्टिक और पॉलीथिन का उपयोग नहीं करने तथा कचरा इधर-उधर फेंकने के बजाय निर्धारित स्थान पर डालने की अपील की। उन्होंने कहा कि स्वच्छता को अपनी आदत में शामिल करना होगा और बच्चों को भी इसके प्रति जागरूक करना जरूरी है। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के स्वच्छता संबंधी आह्वान का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि स्वच्छ भारत के निर्माण में प्रत्येक नागरिक को अपना योगदान देना चाहिए। जनभागीदारी से ही स्वच्छता के संकल्प को साकार करते हुए विकसित भारत की दिशा में आगे बढ़ा जा सकता है।

प्लास्टिक मुक्त जतमई के लिए सामूहिक प्रयास जरूरी – कलेक्टर श्री रणबीर शर्मा

कलेक्टर श्री रणबीर शर्मा ने कहा कि जतमई माता मंदिर प्राकृतिक सौंदर्य से घिरा महत्वपूर्ण धार्मिक स्थल है। यहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु और पर्यटक पहुंचते हैं। ऐसे में मंदिर परिसर और आसपास के वन क्षेत्र को स्वच्छ एवं प्लास्टिक मुक्त बनाए रखना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि प्लास्टिक पर्यावरण के लिए गंभीर चुनौती है। इसका लंबे समय तक नष्ट नहीं होना और छोटे कणों के रूप में पर्यावरण एवं खाद्य पदार्थों तक पहुंचना चिंता का विषय है। उन्होंने कहा कि जतमई धाम को ‘नो प्लास्टिक जोन’ बनाने की दिशा में सामूहिक पहल की जानी चाहिए। गुटखा पाउच, प्लास्टिक पैकेट और एकल उपयोग वाले प्लास्टिक को इस्तेमाल के बाद इधर-उधर फेंकने से परिसर की सुंदरता प्रभावित होती है और पर्यावरण को नुकसान पहुंचता है। इससे बचने के लिए प्रत्येक व्यक्ति को जिम्मेदारी निभानी होगी। कलेक्टर ने कहा कि जहां स्वच्छता होती है, वहां सकारात्मक और पवित्र वातावरण निर्मित होता है। जतमई जैसे प्राकृतिक एवं धार्मिक स्थल को स्वच्छ बनाए रखना हम सभी का दायित्व है। उन्होंने नागरिकों से कचरे का उचित निस्तारण करने, प्लास्टिक का उपयोग कम करने तथा वर्ष 2047 तक विकसित भारत के संकल्प में सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान किया। वनमंडलाधिकारी श्री मयंक पांडे ने भी लोगों से प्लास्टिक का उपयोग नहीं करने तथा धार्मिक स्थलों एवं वन क्षेत्रों को स्वच्छ बनाए रखने की अपील की। उन्होंने पर्यावरण संरक्षण में आम नागरिकों की भागीदारी को महत्वपूर्ण बताया।

 

स्वच्छ, हरित और प्लास्टिक मुक्त जतमई का संकल्प –

सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत आयोजित इस कार्यक्रम ने धार्मिक आस्था के साथ पर्यावरण संरक्षण और नागरिक जिम्मेदारी का संदेश दिया। पौधरोपण एवं सामूहिक श्रमदान के माध्यम से लोगों को प्रेरित किया गया कि वे अपने आसपास के क्षेत्र को स्वच्छ रखें, प्लास्टिक कचरे का उचित निस्तारण करें और प्राकृतिक धरोहरों की सुरक्षा में योगदान दें। ‘सेवा मेरा योगदान’ की भावना के अनुरूप यह पहल स्वच्छ, हरित एवं पर्यावरण-अनुकूल जतमई धाम के निर्माण की दिशा में जनभागीदारी का संदेश लेकर सामने आई।

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