
सेंट्रल जोन के गोलबाजार थाना क्षेत्र में बिना अनुमति डीजे बजाने पर पुलिस ने डीजे वाहन और उपकरण जब्त किया है। कार्रवाई कोलाहल अधिनियम और मोटर व्हीकल एक्ट के तहत की गई है। छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट ने डीजे को लेकर दिशा निर्देश भी जारी किए थे। लेकिन इसका पालन नहीं हो रहा है।
पुलिस के मुताबिक जांच में पाया गया कि, डीजे संचालक कुणाल बावले (धमतरी निवासी) बिना अनुमति के डीजे बजा रहा था। तेज आवाज के कारण क्षेत्र में शांति भंग होने की स्थिति बन रही थी, जिससे परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों को परेशानी हो सकती थी।
इससे पहले, बिलासपुर में DJ की तेज साउंड से छज्जा गिरने से बच्चे की मौत हो गई थी। वहीं बलरामपुर में डीजे की तेज आवाज से एक युवक के सिर की नस फट गई। बलरामपुर में ही गणेश प्रतिमा विसर्जन के दौरान डीजे पर नाचते समय 15 साल के बच्चे की हार्ट अटैक से मौत हो गई थी।
पहले ही दी गई थी चेतावनी
इससे पहले डीसीपी सेंट्रल जोन की अध्यक्षता में डीजे, साउंड सिस्टम, धुमाल पार्टी और टेंट संचालकों की बैठक हुई थी। इसमें साफ निर्देश दिए गए थे कि बिना पुलिस अनुमति डीजे नहीं चलाया जाएगा। साथ ही परीक्षा अवधि को ध्यान में रखते हुए शोर-शराबे से बचने की अपील भी की गई थी।
इसके बावजूद नियमों का उल्लंघन मिलने पर पुलिस ने सख्त कार्रवाई करते हुए डीजे वाहन जब्त कर प्रकरण दर्ज किया।
परीक्षा अवधि में रहेगी विशेष निगरानी
रायपुर पुलिस कमिश्नरेट ने स्पष्ट किया है कि, परीक्षा के दौरान छात्रों के भविष्य से किसी भी तरह का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। बिना अनुमति डीजे संचालन या शर्तों के उल्लंघन पर आगे भी कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी।
DJ की तेज साउंड से गिरा छज्जा, बच्चे की मौत
सितंबर 2025 में बिलासपुर में DJ की तेज आवाज से मकान का छज्जा गिर गया था। हादसे में 5 बच्चे समेत 10 लोग घायल हो गए थे। इसमें से एक बच्चे की इलाज के दौरान मौत हो गई थी। हिंदू नववर्ष की शोभायात्रा के दौरान हादसा हुआ था।