
आज (शुक्रवार) भी पूरे प्रदेश में मौसम शुष्क बने रहने की संभावना है। किसी तरह की चेतावनी जारी नहीं की गई है। वहीं अगले दो दिन भी मौसम में कोई खास बदलाव होने के आसार नहीं हैं।
प्रदेश में पिछले 24 घंटों के दौरान बारिश दर्ज नहीं की गई। सबसे अधिक अधिकतम तापमान 33.9 डिग्री सेल्सियस दुर्ग में रिकॉर्ड किया गया, जबकि सबसे कम न्यूनतम तापमान 9.9 डिग्री सेल्सियस अंबिकापुर में दर्ज हुआ। प्रदेश में मौसम का फिलहाल कोई एक्टिव सिस्टम नहीं है।
शहर के लिए जारी स्थानीय पूर्वानुमान के अनुसार, सुबह के समय हल्की धुंध छा सकती है। अधिकतम तापमान करीब 33 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान लगभग 19 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना जताई गई है।
कुल मिलाकर प्रदेश में दिन में हल्की गर्मी और सुबह-शाम हल्की ठंड का असर बना रहेगा।
फरवरी, ठंड के लौटने का माह
रायपुर की बात करें तो जनवरी की तरह फरवरी महीने में भी आसमान आमतौर पर साफ बना रहता है और सतही हवाएं हल्की रहती हैं। हालांकि उत्तर भारत से गुजरने वाले वेस्टर्न डिस्टर्बेंस के असर से कभी-कभार मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है।
इस दौरान बादल छाने के साथ गरज-चमक और बारिश की स्थिति बनती हैं। कुछ मौकों पर आंधी, ओलावृष्टि और तेज हवाएं भी चलती हैं। सर्दियों का असर कम होते ही न्यूनतम तापमान धीरे-धीरे बढ़ने लगता है।
कुछ स्थितियों में न्यूनतम तापमान 8 डिग्री सेल्सियस से नीचे भी चला जाता है। इसके साथ ही कुछ वर्षों में फरवरी महीने में अच्छी बारिश भी रिकॉर्ड की गई है।
रायपुर में 1893 को पड़ी थी सबसे ज्यादा ठंड
रायपुर में फरवरी महीने में अब तक की सबसे ज्यादा ठंड 9 फरवरी 1893 को पड़ी थी। उस दिन तापमान सिर्फ 5 डिग्री तक गिर गया था। वहीं सबसे ज्यादा गर्म दिन 28 फरवरी 2009 रहा, जब तापमान 38 डिग्री तक पहुंच गया था।
यानी फरवरी में भी कभी-कभी मई जैसी गर्मी पड़ सकती है। 4 फरवरी 1917 को सिर्फ 24 घंटे में 57.4 मिमी बारिश दर्ज की गई थी। यह फरवरी के लिहाज से बहुत ज्यादा बारिश मानी जाती है। इसके अलावा 1901 में फरवरी महीने के दौरान कुल 118.9 मिमी बारिश हुई थी।