छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले के जैजैपुर थाना क्षेत्र में पत्नी की गला घोंटकर हत्या करने वाले पति को कोर्ट ने उम्रकैद की सजा सुनाई

Chhattisgarh Crimesछत्तीसगढ़ के सक्ती जिले के जैजैपुर थाना क्षेत्र में पत्नी की गला घोंटकर हत्या करने वाले पति को कोर्ट ने उम्रकैद की सजा सुनाई है। अपर सत्र न्यायाधीश एफटीसी सक्ती गंगा पटेल ने 11 मार्च को यह फैसला सुनाया। कोर्ट ने आरोपी को हत्या के आरोप में दोषी ठहराया है। साथ ही विभिन्न धाराओं में अतिरिक्त सजा और जुर्माना भी लगाया है।

दरअसल, आरोपी अपनी साली से मोबाइल पर आपत्तिजनक बातें करता था और उस पर अकेले मिलने और संबंध बनाने का दबाव भी डाल रहा था। साली ने यह बात अपनी बहन ममता को बता दी। इसके बाद ममता ने अपने पति से इस मामले में सवाल किया।

इसी बात को लेकर दोनों के बीच बहस हो गई। गुस्से में आकर आरोपी पति ने ममता के गले में पड़ा गमछा पकड़ लिया और उसका गला घोंट दिया। इससे ममता मौके पर ही मौत हो गई। यह मामला जैजैपुर थाना क्षेत्र के ग्राम सलनी का है।

अब जानिए पूरा मामला

अभियोजन पक्ष के अनुसार, थाना जैजैपुर के ग्राम सलनी मनोज कुमार टंडन (23 साल) की शादी सात साल पहले ममता कुमारी टंडन (21 वर्ष) से हुई थी। 2025 में ममता की संदिग्ध मौत हो गई। इस मामले में पुलिस ने केस दर्ज जांच शुरू की।

जांच में पता चला कि ममता की शादी को सात साल से कम समय हुआ था, जिससे मामला संदिग्ध श्रेणी में आया। जांच में पता चला कि आरोपी पति मनोज टंडन अपनी साली को मोबाइल पर आपत्तिजनक बातें करता था। वह उस पर अकेले मिलने और संबंध बनाने का दबाव भी डाल रहा था।

गमछे से पत्नी का गला घोंटकर मार डाला

5 जनवरी 2025 को साली ने आरोपी की हरकतों के बारे में अपनी बहन ममता को बताया। इसके बाद ममता ने अपने पति से इसे लेकर सवाल किया। इसी बात को लेकर दोनों के बीच घर के ऊपरी कमरे में विवाद हुआ। विवाद के दौरान आरोपी मनोज ने गुस्से में आकर ममता के गले में पड़े गमछे से उसका गला घोंट दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।

घटना के बाद आरोपी ने सबूत मिटाने का प्रयास किया। उसने हत्या में इस्तेमाल किए गए गमछे को तालाब के पास ले जाकर जलाने की कोशिश की। गमछा पूरी तरह न जलने पर उसने अधजले गमछे को गड्ढा खोदकर छिपा दिया।

पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जिसमें उसने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। उसकी निशानदेही पर अधजला गमछा बरामद किया गया, जिसकी वीडियोग्राफी भी कराई गई।

पंचनामा के दौरान मृतका के गले पर काले निशान पाए गए। 6 जनवरी 2025 को पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी स्पष्ट हो गया कि मौत गला दबने से हुई, यानी यह हत्या का मामला था। पुलिस ने जांच के बाद चार्जशीट अदालत में पेश किया।

अदालत में सुनवाई के दौरान अभियोजन ने 18 गवाहों के बयान कराए। सबूतों और गवाहों की दलीलों के आधार पर अदालत ने आरोपी को दोषी करार दिया। अदालत ने उसे अलग-अलग धाराओं के तहत सजा सुनाई और जुर्माना भी लगाया है।

इस पूरे मामले में विशेष लोक अभियोजक (पॉक्सो) मुन्ना पटेल ने अदालत में प्रभावी पैरवी की और आरोपी के खिलाफ मजबूत केस पेश किया।

अदालत में सुनवाई और सजा

अदालत में सुनवाई के दौरान अभियोजन ने 18 गवाहों के बयान कराए। सबूतों और गवाहों की दलीलों के आधार पर अदालत ने आरोपी को दोषी करार दिया। अदालत ने उसे अलग-अलग धाराओं के तहत सजा सुनाई और जुर्माना भी लगाया है।

इस पूरे मामले में विशेष लोक अभियोजक (पॉक्सो) मुन्ना पटेल ने अदालत में प्रभावी पैरवी की और आरोपी के खिलाफ मजबूत केस पेश किया।