छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में अब घरेलू गैस सिलेंडरों पर प्रशासन कड़ी निगरानी रखेगा, ताकि एलपीजी सिलेंडर का गलत तरीके से इस्तेमाल न हो सके

Chhattisgarh Crimesछत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में अब घरेलू गैस सिलेंडरों पर प्रशासन कड़ी निगरानी रखेगा, ताकि एलपीजी सिलेंडर का गलत तरीके से इस्तेमाल न हो सके। अगर कोई ऐसा करते हुए पकड़ा जाता है, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए राजस्व और खाद्य विभाग के अधिकारियों की एक संयुक्त जांच टीम भी बनाई गई है।

कलेक्टर के निर्देश पर गैस सिलेंडर के गलत इस्तेमाल को रोकने और नियमित गैस आपूर्ति के लिए इसके लिए निगरानी बढ़ा दी गई है।

ऐसे में जिले के सभी ब्लॉक में राजस्व व खाद्य विभाग के अधिकारियों की एक संयुक्त जांच टीम गठित की गई है। खाद्य शाखा के अधिकारियों ने बताया कि यह जांच टीम जिले में संचालित गैस एजेंसियों से उपभोक्ताओं को घरेलू LPG सिलेंडर की आपूर्ति, दैनिक आवक-जावक और वितरण व्यवस्था पर लगातार निगरानी रखेगा।

साथ ही व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में भी जांच की जाएगी, ताकि घरेलू गैस सिलेंडरों का व्यवसायिक उपयोग या अन्य प्रकार का दुरुपयोग रोका जा सके।

रायगढ़ में यह टीम करेगी निगरानी

रायगढ़ विकासखंड के लिए तहसीलदार शिव डनसेना, नायब तहसीलदार हरनंदन बंजारे और सहायक खाद्य अधिकारी अंजनी कुमार राव को जांच दल में शामिल किया गया है।

इसी तरह पुसौर विकासखंड में तहसीलदार अनुराधा पटेल और खाद्य निरीक्षक चुड़ामणि सिदार जांच की जिम्मेदारी संभालेंगे। खरसिया विकासखंड के लिए तहसीलदार संदीप राजपूत और खाद्य निरीक्षक बनमाली यादव को जिम्मेदारी दी गई है।

घरघोड़ा-तमनार में ये संभालेंगे जिम्मेदारी घरघोड़ा विकासखंड में तहसीलदार मनोज गुप्ता और खाद्य निरीक्षक प्राची सिन्हा को टीम में शामिल किया गया है। तमनार विकासखंड में तहसीलदार ऋचा सिंह के साथ खाद्य निरीक्षक प्राची सिन्हा को जांच की जिम्मेदारी दी गई है।

वहीं धरमजयगढ़ विकासखंड में तहसीलदार हितेश कुमार साहू, खाद्य निरीक्षक सुधारानी चौहान और लैलूंगा विकासखंड में तहसीलदार शिवम पांडेय और खाद्य निरीक्षक खुशीराम नायक जांच दल में शामिल हैं।

कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए

कलेक्टर ने संयुक्त जांच टीम को निर्देश दिया है कि सभी जांच दल अपने-अपने क्षेत्रों में गैस एजेंसियों की नियमित जांच करें। व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में घरेलू एलपीजी सिलेंडरों के उपयोग की जांच की जाए।

यदि कहीं घरेलू गैस सिलेंडरों का व्यवसायिक उपयोग या अन्य दुरुपयोग पाया जाता है तो संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ नियमानुसार कड़ी कार्रवाई किए जाने की बात कही है।

गैस एजेंसी संचालकों की ली गई बैठक, दिए आवश्यक निर्देश

अपर कलेक्टर अपूर्व प्रियेश टोप्पो ने जिले की सभी गैस एजेंसियों के संचालकों की समीक्षा बैठक ली। इस बैठक में खाद्य विभाग के अधिकारी और अलग-अलग ऑयल कंपनियों के सेल्स ऑफिसर भी मौजूद थे।

बैठक के दौरान जिले की सभी गैस एजेंसियों में घरेलू गैस सिलेंडर की उपलब्धता और वितरण व्यवस्था की समीक्षा की गई। अपर कलेक्टर ने एजेंसी संचालकों को निर्देश दिया कि शहरों में गैस लेने के लिए लगने वाली लंबी कतारों को ठीक तरीके से व्यवस्थित और नियंत्रित किया जाए।

टोल फ्री नंबर भी जारी किया गया

यह भी सुनिश्चित किया जाएगा कि उपभोक्ताओं की ऑनलाइन बुकिंग या डीएससी जिस दिन सफल होगी, उसी दिन उन्हें गैस सिलेंडर दिया जाए। अधिकारियों ने सभी उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे बेवजह परेशान न हों। लोगों की सुविधा के लिए जिला स्तर पर एक कंट्रोल रूम भी बनाया गया है।

किसी भी तरह की समस्या या शिकायत के लिए टोल-फ्री नंबर 07762-319962 जारी किया गया है। साथ ही लोगों से कहा गया है कि वे सोशल मीडिया या अन्य माध्यमों पर फैलने वाली किसी भी भ्रामक खबर पर ध्यान न दें।