
आग ट्रेन के कोच नंबर B-1 में लगी थी। हादसे की जानकारी के बाद कोटा जंक्शन पर हूटर बजने लगे। राहत और बचाव टीम मौके के लिए रवाना हुई। वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक सौरभ जैन ने बताया कि कोच में 68 यात्री सवार थे। फिलहाल कोई जनहानि की सूचना नहीं है।
आग लगने की सूचना गार्ड ने सबसे पहले लोको पायलट को दी थी। इसके बाद ट्रेन को रुकवाया गया और पैसेंजर्स को बाहर निकाला। करीब 15 मिनट में पूरा कोच खाली कराया गया। कुछ मिनटों में ही आग पूरे कोच में फैल गई। रेलवे अधिकारियों ने बताया कि आग लगने के कारणों की जांच की जा रही है।
कोटा पहुंचने से पहले हादसा
त्रिवेंद्रम राजधानी रविवार सुबह करीब 3.45 बजे मध्य प्रदेश के रतलाम जंक्शन से रवाना हुई थी। इसका अगला स्टॉप सुबह 8.45 बजे कोटा जंक्शन था। राजस्थान में एंट्री से पहले विक्रमगढ़ आलोट स्टेशन के पास इसके कोच में आग लग गई।
हादसे के बाद से दिल्ली-मुंबई रेलवे ट्रैक पर ट्रैफिक को रोका गया है। वहीं, ट्रेन का बिजली कनेक्शन काट दिया गया है। कोच को भी ट्रेन से काटकर अलग किया गया है। कोटा मंडल के सीनियर अधिकारी और टेक्निकल स्टाफ मौके पर पहुंचा है।