गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले में बाइक चोरी के आरोपियों को 3-3 साल कारावास की सजा मिली

Chhattisgarh Crimesगौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले में बाइक चोरी के आरोपियों को 3-3 साल कारावास की सजा मिली है। इनमें दो मुख्य चोरों सूरज चौधरी और मोहम्मद राशिद उर्फ शाकिर को चार अलग-अलग मामलों में हर एक को 3-3 साल के सश्रम कारावास और चोरी की बाइक खरीदने वाले आरोपी सोनू यादव को भी तीन साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई गई है।

यह मामला साल 2025 अप्रैल महीने का है, जब गौरेला क्षेत्र से मात्र 10 दिनों के अंदर चार बाइक चोरी हो गई थीं। पहली घटना 14 अप्रैल को हुई, जिसमें गौरेला निवासी विद्या ताम्रकार की बाइक चुराई गई।

इसके बाद 17 अप्रैल को रेलवे स्टेशन के पास से प्रवेश गुप्ता और सुनील अग्रवाल की मोटरसाइकिलें चोरी हुईं। चौथी घटना में कृष्ण कुमार की मोटरसाइकिल रेस्ट हाउस के पास से चुराई गई थी। जिला कोर्ट ने इस मामले में सुनवाई की और आरोपियों को सजा सुनाई है।

गवाहों के बयानों के आधार पर कोर्ट का फैसला

पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी सूरज चौधरी और मोहम्मद राशिद ने मिलकर इन चोरियों को अंजाम दिया था। तीनों आरोपी, जिनमें खरीदार सोनू यादव भी शामिल है, मध्यप्रदेश के उमरिया जिले के नौरोजाबाद के रहने वाले हैं।

मामले में शासन की ओर से अतिरिक्त लोक अभियोजक कौशल सिंह ने पैरवी की। द्वितीय एडीजे पेंड्रारोड एकता अग्रवाल ने सभी साक्ष्यों और गवाहों के बयानों के आधार पर यह फैसला सुनाया।

अदालत ने सूरज चौधरी और मोहम्मद राशिद को भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 303(2)/3(5) के तहत चारों मामलों में प्रत्येक को तीन-तीन साल के सश्रम कारावास और 2000 रुपए के अर्थदंड से दंडित किया। अर्थदंड का भुगतान न करने पर उन्हें दो महीने का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा।

वहीं, विद्या ताम्रकार की बाइक चोरी के मामले में आरोपी सोनू यादव को बीएनएसएक्ट की धारा 317(2)के आरोप में 3 साल के सश्रम कारावास और 2000 रुपए के अर्थदंड की सजा दी गई। अर्थदंड अदा न करने पर उसे भी दो महीने का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा।

अतिरिक्त लोक अभियोजक कौशल सिंह ने बताया कि आरोपियों को दी गई सभी मामलों में सजाएं एक साथ चलेंगी, जिसका अर्थ है कि उन्हें कुल मिलाकर तीन साल की सजा ही काटनी होगी।

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