एशिया के सबसे बड़े भिलाई स्टील प्लांट के कर्मचारियों की बाइक चोरी की समस्या बढ़ते जा रही है। पहले जहां बीएसपी प्लांट के मेन गेट के पास से बाइक की चोरी होती थी तो वहीं अब प्लांट के अंदर से भी बाइक चोरी का मामला सामने आया है।
बुधवार (17 दिसंबर) को बाइक चोरी के दो मामले में भिलाई के भट्ठी थाने में दर्ज किए गए। इसमें एक बाइक बीएसपी के एचआरडी डिपार्टमेंट की पार्किंग से तो दूसरी बाइक प्लांट के अंदर से चोरी हो गई।
ट्रेनिंग लेने आए युवक की एक्टिवा हो गई चोरी
पहली चोरी की घटना मानव संसाधन विकास केन्द्र (एचआरडी विभाग) की पार्किंग से सामने आई है। भिलाई निवासी लिलेश कुमार साहू ने पुलिस को बताया कि वह बीएसपी के एचआरडी विभाग में अप्रेंटिसशिप पर प्रशिक्षण ले रहे हैं।
16 दिसंबर को सुबह करीब 9 बजे वे अपनी मां के नाम से पंजीकृत होंडा एक्टिवा (क्रमांक CG 07 AX 6844) से ट्रेनिंग के लिए पहुंचे थे। उन्होंने एक्टिवा को एचआरडी विभाग की पार्किंग में लॉक कर कार्यालय के अंदर चले गए।
लंच के समय बाइक सुरक्षित खड़ी थी, लेकिन शाम करीब 5.10 बजे छुट्टी के बाद जब लौटे तो वाहन गायब मिला। काफी तलाश के बाद भी कोई सुराग नहीं मिला।
प्लांट के अंदर से हो गई बाइक चोरी
दूसरी घटना बीएसपी प्लांट के अंदर की है, जिससे सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। ऊर्जा प्रबंधन विभाग (ईएमडी) में कार्यरत रमनी सुब्रमणियन ने बताया कि 13 दिसंबर की शाम ड्यूटी समाप्त होने के बाद उन्होंने अपनी हीरो होंडा पैशन प्रो (क्रमांक CG 07 AB 0650) को एसएमएस-2 गैस होल्डर के सामने खड़ा कर हैंडल लॉक किया था और कार से घर चले गए थे। 15 दिसंबर की सुबह जब ड्यूटी पर पहुंचे तो बाइक वहां से गायब थी। आसपास तलाश करने पर भी वाहन नहीं मिला।
एक ही दिन दोनों पीड़ित पहुंचे थाने
बाइक चोरी की दो घटनाएं एक साथ भिलाई के भट्ठी थाने में दर्ज की गई। दोनों मामलों में पीड़ितों ने 17 दिसंबर को भट्ठी थाना पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराई। लगातार हो रही चोरी की घटनाओं से कर्मचारियों और प्रशिक्षुओं में असुरक्षा की भावना बढ़ रही है।
कर्मचारियों का कहना है कि प्लांट जैसे हाई-सिक्योरिटी जोन में इस तरह की घटनाएं होना चिंताजनक है। उन्होंने बीएसपी प्रबंधन से पार्किंग स्थलों पर निगरानी बढ़ाने, सीसीटीवी कैमरे दुरुस्त करने और सुरक्षा व्यवस्था सख्त करने की मांग की है। पुलिस मामले की जांच में जुटी है।
अब तक 33 बाइक की चोरी
बता दें कि इस साल अब तक बीएसपी के अधिकृत क्षेत्र से 33 बाइक की चोरी हो चुकी है। इससे पहले बीएसपी प्रबंधन का कहना था कि जहां पर ठेका श्रमिक बाइक खड़ी करते हैं, वहां पर चोरी की जिम्मेदारी बीएसपी प्रबंधन की नहीं है। लेकिन हाल ही में चोरी की वारदात प्लांट के अंदर से हुई है।
वहीं एक बाइक मानव संसाधन विकास केंद्र की पार्किंग से हुई है। प्रबंधन हर बार इस वाहनों की चोरी से अपना पलड़ा झाड़ लेता है। कर्मचारियों के लिए बाइक चोरी एक सिरदर्द बन चुका है।