
मामला मंदिर हसौद थाना क्षेत्र का है। ठगों ने शुरुआत में कुछ रूपए प्रॉफिट दिखाकर लौटाए, लेकिन बाद में पैसे लौटाने से इंकार कर दिया। पुलिस ने अज्ञात आरोपितों के खिलाफ धोखाधड़ी का अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
ऑनलाइन ट्रेडिंग में मुनाफे का दिया था लालच
जानकारी के अनुसार सड्डू के राजधानी विहार में रहने वाले वेद प्रकाश बघेल (46) वर्तमान में एचपीसीएल मंदिर हसौद में मैनेजर के पद पर पदस्थ हैं।
कुछ समय पहले उनसे टेलीग्राम आईडी के माध्यम से इंवेस्टमेंट प्लेटफॉर्म से जुड़े अज्ञात लोगों ने संपर्क किया। आरोपितों ने शेयर और ऑनलाइन ट्रेडिंग में ज्यादा मुनाफा दिलाने का दावा करते हुए उन्हें निवेश के लिए प्रेरित किया।
एक महीने में ठगी रकम
आरोपियों की बात में आकर वेद प्रकाश बघेल ने 20 अक्टूबर से 27 नवंबर 2025 के बीच अलग-अलग बैंकों के खातों में किश्तों में कुल 34 लाख 48 हजार 807.05 रुपए ऑनलाइन ट्रांसफर कर दिए।
शुरुआत में भरोसा जीतने के लिए ठगों ने मुनाफे के नाम पर दो किश्तों में 89,250 रुपए वापस भी किए। इससे पीड़ित का विश्वास और मजबूत हो गया।
इसके बाद जब वेद बघेल ने अपनी पूरी राशि और मुनाफा निकालने की बात कही, तो आरोपियों ने पैसा लौटाने से इनकार कर दिया। उल्टा, उन्होंने बैंक क्रेडिट स्कोर खराब होने का हवाला देते हुए और रकम जमा करने का दबाव बनाना शुरू कर दिया।
इसी दौरान पीड़ित को ठगी का एहसास हुआ। ठगी का शिकार होने के बाद वेद प्रकाश बघेल ने साइबर सेल में शिकायत दर्ज कराई। साइबर सेल की प्रारंभिक जांच के बाद मंदिर हसौद थाने में अज्ञात आरोपितों के खिलाफ धोखाधड़ी का अपराध दर्ज किया गया है।