
जानकारी के मुताबिक मृतक का नाम फुलसाय पंडो है, जो बैकुंठपुर के बांधपारा गांव का रहने वाला था। शुक्रवार सुबह रेलवे ट्रैक के किनारे खेत में फुलसाय पंडो की लाश मिली है। जमीन पर खून ही खून था। साथ ही हाथियों के कुचलने के निशाने भी मिले हैं।
वहीं पिछले 2 महीने में हाथियों के हमले की बात करें तो कोरबा में हाथी ने मानसिक रूप से बीमार व्यक्ति को कुचलकर मार डाला। रायगढ़ में हाथी के हमले से एक बुजुर्ग महिला की मौत हो गई। वहीं गरियाबंद में एक बीमार हाथी ने आधी रात ग्रामीण को रौंद डाला।
पहली घटना- कोरिया में बुजुर्ग को कुचलकर मार डाला
दरअसल, पहली घटना कोरिया के बैकुंठपुर वन परिक्षेत्र की है। फुलसाय पंडो रेलवे ट्रैक के किनारे झोपड़ी बनाकर रह रहा था। फुलसाय का कोई परिवार नहीं है। उसके भाई समय लाल पंडो और भतीजों का परिवार गांव में रहता है।
गुरुवार रात कटघोरा रेंज से 11 हाथियों का दल नेशनल हाईवे 43 पार कर बिशुनपुर में रेलवे ट्रैक के पास पहुंचा। रेलवे ट्रैक पार करने से पहले ही वहां से एक तेज रफ्तार मालागाड़ी गुजरी। मालगाड़ी की आवाज और हॉर्न की वजह से हाथियों का दल बिखर गया और भड़क गया।
हाथियों ने सूंड से उठाकर पटका
इस दौरान हाथियों का दल बिशुनपुर के बांधपारा के पास पहुंचे। रेलवे ट्रैक के किनारे पेड़ के नीचे झोपड़ी बनाकर रह रहे फुलसाय पंडो को घेर लिया। हाथियों ने फुलसाय की झोपड़ी को तोड़ दी। वहीं हाथियों को देखकर फुलसाय ने भागने की कोशिश की, लेकिन हाथियों ने सूंड से उठाकर पटक दिया।
इससे बुजुर्ग की मौके पर मौत हो गई। सुबह खेत की ओर गए लोगों ने फुलसाय का शव पड़ा देखा। इसके बाद वन विभाग के कर्मियों और चरचा पुलिस को सूचना दी। घटनास्थल पर डिप्टी रेंजर मंगल साय और चरचा थाना प्रभारी प्रमोद कुमार पांडेय अपनी टीम के साथ पहुंचे।
परिवार को 25 हजार का मुआवजा मिला
इसके बाद पुलिस ने शव की जांच रिपोर्ट तैयार कर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। वन अमले ने परिवार को 25,000 रुपए की तत्काल राहत राशि दी है। डिप्टी रेंजर ने बताया कि करीब डेढ़ महीने पहले सोनहत इलाके से घूमते हुए हाथियों का एक झुंड कटघोरा वन मंडल की ओर बढ़ गया था।
डिप्टी रेंजर मंगल साय ने बताया कि हाथियों का यह झुंड वापस लौट रहा था। हाथी सोनहत वन क्षेत्र की ओर बढ़ गए हैं। वन विभाग हाथियों के झुंड पर नजर रख रहा है। आसपास के इलाके के लोगों को भी हाथियों से दूर रहने की हिदायत दी जा रही है, ताकि जान का नुकसान न हो।
दूसरी घटना- कोरबा में हाथियों ने शख्स को कुचल डाला
वहीं दूसरी घटना कोरबा के करतला परिक्षेत्र की है। जहां 9 अक्टूबर को हाथियों का झुंड जंगल से लगे गांव के पास से गुजर रहा था। इसी बीच कुछ ग्रामीणों ने हाथियों के झुंड पर पथराव कर दिया। इससे कुछ हाथी भड़क गए और वे पलटकर ग्रामीणों को दौड़ाने लगे।
हालांकि, इस हमले में ग्रामीण बाल-बाल बच गए। इसके बाद हाथियों का झुंड आगे की ओर बढ़ गया। इसी बीच रामपुर में एक मानसिक रूप से बीमार व्यक्ति को हाथियों ने कुचल दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। शख्स रामपुर बस स्टैंड के पास रहता था