
30 से 35 हजार प्रदर्शनकारी जंतर-मंतर से संसद की तरफ बढ़ने की कोशिश कर रहे हैं। कई लोग बैरिकेडिंग तोड़कर पार्लियामेंट थाने तक पहुंच गए हैं। पुलिस ने बीच-बीच में बैरिकेडिंग कर रखी है।
बड़ी संख्या में दिल्ली पुलिस और RAF के जवान तैनात हैं। पुलिस का कहना है कि मार्च के लिए परमिशन नहीं दी है। उधर, CJP फाउंडर अभिजीत दिपके ने कहा कि हमें कोई नहीं रोक सकता है। संसद मार्च पूरी तरह शांतिपूर्ण रहेगा।
उधर, 23 दिनों से भूख हड़ताल पर बैठे सोनम वांगचुक ने अनशन खत्म करने की 3 शर्तें रखी हैं। पहली- सरकार शिक्षा व्यवस्था और पेपर लीक की जिम्मेदारी ले। दूसरी- CJP प्रतिनिधिमंडल को संसद जाने दिया जाए और सांसद मुद्दा उठाने का भरोसा दें। तीसरा- स्वास्थ्य कारणों से ऐसा संभव न हो तो सांसद सफदरजंग अस्पताल आकर यही आश्वासन दें।