सरकारी दफ्तरों में टाइम की टाइट!

Chhattisgarh Crimes सरकारी कर्मचारियों की ऑफिस में उपस्थिति को लेकर राज्य शासन ने नया फरमान जारी किया है। नए फरमान के मुताबिक अब प्रदेश के सरकारी कर्मचारियों को सुबह 10 से शाम साढ़े 5 बजे तक कार्यालय में उपस्थित रहना अनिवार्य है।

जारी आदेश में कहा गया है कि शासन आदेशों के प्रभावी क्रियान्वयन एवं लोकहित में कार्यालयीन कार्यों के सुव्यवस्थित संचालन के लिए सभी शासकीय-अशासकीय (नियमित, संविदा एवं दैनिक वेतनभोगी) अधिकारियों एवं कर्मचारियों के लिए आधार-आधारित उपस्थिति प्रणाली को 15 जून से अनिवार्य रूप से लागू किया जा रहा है। इसके अंतर्गत सभी कर्मचारियों को प्रतिदिन निर्धारित समय पर अपने मोबाइल फोन के माध्यम से आधार प्रमाणीकरण द्वारा उपस्थिति एवं प्रस्थान दर्ज करना अनिवार्य होगा।
कार्यालय प्रमुखों को उपस्थिति सुनिश्चित करने के निर्देश: सभी कार्यालय प्रमुख यह सुनिश्चित करें कि आपके अधीनस्थ संस्थानों में एनआईसी के तकनीकी सहयोग से आधार आधारित उपस्थिति प्रणाली को समय पर स्थापित कर लिया जाए। इसके लिए एनआईसी से आवश्यक समन्वय कर तकनीकी आवश्यकताओं की पूर्ति सुनिश्चित करें।

नियमित होगी समीक्षा

जारी आदेश में यह भी कहा गया है कि उक्त व्यवस्था की नियमित समीक्षा की जाएगी। यदि कोई अधिकारी-कर्मचारी निर्धारित समय सीमा में उपस्थिति दर्ज कराने में विफल पाया जाता है, तो संपूर्ण जिमेदारी उक्त अधिकारी-कर्मचारी के साथ संबंधित संस्था प्रमुख की होगी।

यह व्यवस्था न केवल शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है, बल्कि यह भी सुनिश्चित करती है कि सभी अधिकारी-कर्मचारी अपने कार्यस्थल समय पर उपस्थित होकर उत्तरदायित्वों का निर्वहन कर रहे हैं। 

स्वास्थ्यकर्मियों को आदेश जारी

स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों को 15 जून से मोबाइल ऐप पर अटेंडेंस लगाना होगा। इस संबंध में स्वास्थ्य विभाग के सचिव अमित कटारिया ने आदेश जारी किया है। आदेश में कहा गया है कि सुबह मंत्रालय, विभागाध्यक्ष कार्यालय एवं समस्त मैदानी कार्यालयों में सुबह 10 से शाम साढ़े 5 बजे तक ड्यूटी निर्धारित की गई है। इस समय में सभी को पहुंचना अनिवार्य है। अनुपस्थित होने पर वेतन काटा जा सकता है।