
जानकारी के मुताबिक, लखनपुर क्षेत्र के अमेरा में संचालित SECL के कोयला खदान में लंबे समय से ग्रामीण संगठित तरीके से कोयला चोरी कर रहे थे। पुलिस ने 10 दिन पहले 21 ग्रामीणों को गिरफ्तार किया था। जिसके बाद बड़ी संख्या में खदान में घुसे ग्रामीण भाग निकले। पुलिस कार्रवाई के बाद कोयला चोरी पर रोक लगी थी।
पुलिस कार्रवाई के बाद 20 फरवरी की शाम करीब 6 बजे 20 से अधिक संख्या में ग्रामीण अमेरा खदान में घुसे और बोरों में भरकर कोयला चोरी कर ले गए। इस दौरान सुरक्षाकर्मियों आशीष मिंज और जफरूल्ला खान ने उन्हें रोकने की कोशिश की तो कोयला चोरी करने वाले ग्रामीणों ने उन्हें धक्का देकर धमकी दी। ग्रामीण करीब 3.5 टन कोयला चोरी कर ले गए।
इसकी शिकायत दूसरे दिन 21 फरवरी की रात खदान के प्रबंधक समे लाल धैर्य ने लखनपुर थाने में दर्ज कराई। रिपोर्ट पर लखनपुर पुलिस ने कोयला चोरी करने वाले ग्रामीण आनंद राम केंवट और आलम साय राजवाड़े के साथ करीब 20 अन्य ग्रामीणों के खिलाफ धारा 329(3), 303(2), 112(2) BNS के तहत अपराध दर्ज किया है।
सरगुजा एएसपी अमोलक सिंह ने बताया कि मामले की शिकायत मिली थी। मामले में लखनपुर थाने में FIR दर्ज की गई है। फिलहाल, मामले की जांच जारी है।
पुलिस कार्रवाई के बाद 20 फरवरी की शाम करीब 6 बजे 20 से अधिक संख्या में ग्रामीण अमेरा खदान में घुसे और बोरों में भरकर कोयला चोरी कर ले गए। इस दौरान सुरक्षाकर्मियों आशीष मिंज और जफरूल्ला खान ने उन्हें रोकने की कोशिश की तो कोयला चोरी करने वाले ग्रामीणों ने उन्हें धक्का देकर धमकी दी। ग्रामीण करीब 3.5 टन कोयला चोरी कर ले गए।
इसकी शिकायत दूसरे दिन 21 फरवरी की रात खदान के प्रबंधक समे लाल धैर्य ने लखनपुर थाने में दर्ज कराई। रिपोर्ट पर लखनपुर पुलिस ने कोयला चोरी करने वाले ग्रामीण आनंद राम केंवट और आलम साय राजवाड़े के साथ करीब 20 अन्य ग्रामीणों के खिलाफ धारा 329(3), 303(2), 112(2) BNS के तहत अपराध दर्ज किया है।
सरगुजा एएसपी अमोलक सिंह ने बताया कि मामले की शिकायत मिली थी। मामले में लखनपुर थाने में FIR दर्ज की गई है। फिलहाल, मामले की जांच जारी है।