बस्तर के 8 बंधुआ मजदूरों की तमिलनाडु से वापसी; ठेकेदार बंधक बनाकर करवा रहा था मजदूरी

Chhattisgarh Crimes

जगदलपुर. जिले के 8 बंधुआ मजदूरों को तमिलनाडु से छुड़वाकर वापस बस्तर लाया गया है। बताया जा रहा है कि ठेकेदार सभी मजदूरों को बंधक बनाकर काम करवा रहा था। मजदूरों के परिजनों ने इसकी जानकारी जिला प्रशासन को दी थी। जानकारी मिलते ही कलेक्टर रजत बंसल ने श्रम विभाग को सभी मजदूरों को सुरक्षित लाने के निर्देश दिए। श्रम विभाग की 4 सदस्यीय टीम ने सभी को वापस लाया है। जिन्हें अपने-अपने घर भेज दिया गया है।

जानकारी के मुताबिक, ये सभी मजदूर जिले के लोहंडीगुड़ा ब्लॉक के अलग-अलग गांव के रहने वाले हैं। जो तमिलनाडु में बोर उत्खनन करने वाली गाड़ी समेत कुछ फैक्ट्रियों में काम करते थे। आंजर गांव के रहने वाले मंगीराम समेत अन्य 6 ग्रामीणों ने कुछ दिन पहले कलेक्टर से मुलाकात कर सभी मजदूरों को वापस लाने की अपील की थी। कलेक्टर के निर्देश के बाद श्रम निरीक्षक नमिता जॉन, राजस्व निरीक्षक पवन नेताम, सहायक उप निरीक्षक सरजू राम ध्रुव और सेक्टर सुपरवाइजर चंपा नेताम की 4 सदस्यीय टीम बनाई गई थी।

जिन्हें गोपनीय रूप से तमिलनाडु भेजा गया था। परिजनों के बताए अनुसार टीम तेनकासी जिले के मदुराई गांव पहुंची। बंधक बनाकर काम करवा रहे मजदूरों को ठेकेदार के चंगुल से रिहा करवाया गया। जिसके बाद सभी ग्रामीणों को वापस लाया गया है। मजदूरों ने बताया कि ठेकेदार उन्हें घर जाने नहीं देता था। अपर कलेक्टर अरविंद कुमार एक्का ने बताया कि श्रम विभाग के माध्यम से सभी श्रमिकों को 22 मार्च को सकुशल लाया गया। जिन्हें गृह ग्राम छोड़वा दिया गया है।