छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में पैसे डबल करने का झांसा देकर मेडिकल संचालक से 87 लाख ठगी की गई है। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार जेल भेज दिया है। जबकि मुख्य आरोपी अभी भी पुलिस की गिरफ्त से बाहर है। जिसकी तलाश जारी है। यह मामला कोतवाली थाना क्षेत्र का है।
ठेलका बोर्ड आरईएस कॉलोनी की रहने वाली अपर्णा रामटेके ने 14 मई 2025 को थाने में शिकायत दर्ज कराई। उसने बताया कि 2017 से पिता का क्लीनिक संतोषी मेडिकल स्टोर के कॉम्प्लेक्स में था। संजय नगर में निवासी आलीम खान अपनी पत्नी के इलाज के लिए वहां आता-जाता था। इसी दौरान उनकी जान-पहचान हुई।
पैसे डूबने पर दूसरे कंपनी से जुड़ने की कही बात
नवंबर 2018 में आलीम खान ने मेडिकल संचालक को कलकत्ता की एक कंपनी में काम करने की बात बताई और जमा राशि को दोगुना करने का लालच दिया। पहली बार क्लीनिक से 2 लाख रुपए ले गया। बाद में उसने कहा कि पैसा डूब गया है। वह दोबारा आया तो बताया कि दूसरे कंपनी से जुड़ गया है।
एक साथ पैसे मिलने का देता रहा भरोसा
उसने पैसे दिलाने का भरोसा दिया। वह जनवरी 2019 से दिसंबर 2019 तक लगातार उसके पिता से 10 लाख रुपए लिए। ये पैसे ऑनलाइन और ऑफलाइन दिए गए। 2020 में वह किश्तों में पैसा लेने लगा। पूछने पर कहता कि अभी और पैसे डालने की जरूरत है। साथ ही एक साथ पैसे मिलने का भरोसा देता रहा।
पैसे मांगने पर टलता रहा आलिम
2021, 2022, 2023, 2024 से अब तक बाप-बेटे ने आलिम को 75 लाख रुपए दिए। इस तरह उन्होंने उसके खाते में 87 लाख रुपए ट्रांसफर कर दिए। जब उन्होंने पैसे मांगे तो वह उन्हें टालने लगा। इस पूरे मामले में पुलिस ने आलिम के खिलाफ धारा 420 के तहत केस दर्ज कर लिया है।
आरोपी का सहयोगी गिरफ्तार
पीड़ित की मानें तो आलिम के कहने पर उन्होंने सहयोगी डीलक्स मरकाम (35) के खाता में 23 लाख रुपए ट्रांसफर किया गया था। पुलिस ने सहयोगी आरोपी को ग्राम चिपरेल से गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है। जबकि फरार आरोपी आलिम की तलाश जारी है।