छत्तीसगढ़ के बालोद जिले में ट्रक और बस के बीच से बाइक सवार कांस्टेबल आगे निकल रहे थे, तभी ओवरटेक के चक्कर में बस से टकराकर सीधे नीचे गिर गए और पहिया उसके ऊपर से गुजर गया

Chhattisgarh Crimesछत्तीसगढ़ के बालोद जिले में ट्रक और बस के बीच से बाइक सवार कांस्टेबल आगे निकल रहे थे, तभी ओवरटेक के चक्कर में बस से टकराकर सीधे नीचे गिर गए और पहिया उसके ऊपर से गुजर गया। बस से कुचलने के चलते आरक्षक की पसलियां टूट गई थी। हाथ और सिर में भी गंभीर चोटें आई।

हादसा CCTV कैमरे में कैद हो गई। हादसे के बाद राहगीरों ने आनन-फानन में उन्हें बस के नीचे से निकालकर जिला अस्पताल पहुंचाया। जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। आरक्षक ठनेश कुमार टेमार्य (35) बालोद के कोतवाली थाने में पदस्थ थे। घटना बालोद से 3 किमी दूर दुर्ग रोड पर ग्राम सिवनी की है।

जानिए क्या है पूरा मामला ?

जानकारी के अनुसार ठनेश कुमार टेमार्य सोमवार दोपहर करीब 1 बजे थाने से समन वारंट लेकर देवारभाट, जमरुवा और जगतरा की ओर जा रहे थे। इसी दौरान बालोद-झलमला मार्ग पर सिवनी मार्केट के सामने बारिश के दौरान आगे बढ़ते समय लेफ्ट साइड से कांकेर बस से टकराकर सड़क पर गिर गए।

इसके बाद बस के ड्राइवर साइड का पहिया उनके सीने के ऊपर से गुजर गया। जिससे मौत हो गई। कांकेर बस सर्विस पखांजूर से दल्लीराजहरा होते हुए रायपुर जा रही थी। हादसे के बाद यात्रियों को बस स्टैंड में उतारा गया। जहां से उन्हें दूसरे बसों से रवाना किया गया। ड्राइवर को बालोद पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।

सहगांव निवासी थे, 2012 में हुई थी नियुक्ति

परिजनों के अनुसार, ठनेश कुमार टेमार्य मूल रूप से डौंडीलोहारा ब्लॉक के सहगांव के निवासी थे। साल 2012 में उनकी नियुक्ति जिला पुलिस बल में हुई थी। इसके बाद वे कई थानों में सेवाएं देते रहे। 3 मार्च 2024 को उनका तबादला बालोद थाने में हुआ था। वे परिवार सहित झलमला स्थित पुलिस कॉलोनी में रहते थे।

पिता बालोद कलेक्टोरेट में हैं प्यून

ठनेश अपने परिवार के साथ झलमला में रह रहे थे। उनका एक बेटा और एक बेटी है। हादसे के समय दोनों बच्चे स्कूल गए थे। उनके पिता नरोत्तम सिंह बालोद कलेक्टोरेट में कलेक्टर कार्यालय में प्यून के पद पर पदस्थ हैं।

ड्यूटी के दौरान हादसा

बालोद टीआई शिशुपाल सिन्हा ने बताया कि, ड्यूटी के दौरान यह हादसा हुआ। बस ड्राइवर के खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया है। पोस्टमॉर्टम की प्रक्रिया जारी है। परिजन उनके गृहग्राम सहगांव में अंतिम संस्कार की तैयारी कर रहे हैं।