बलरामपुर जिले में शनिवार को बेटे ने अपनी पत्नी के चरित्र पर शक करते हुए अपने ही पिता की लकड़ी से पीट-पीटकर हत्या कर दी

Chhattisgarh Crimesबलरामपुर जिले में शनिवार को बेटे ने अपनी पत्नी के चरित्र पर शक करते हुए अपने ही पिता की लकड़ी से पीट-पीटकर हत्या कर दी। इस मामले में पुलिस ने सोमवार को आरोपी बेटे की गिरफ्तार कर लिया है। मामला शंकरगढ़ थाना क्षेत्र का है।

मामले का खुलासा तब हुआ जब आरोपी बीरकुवंर चेरवा के चचेरे भाई सकुल राम चेरवा ने 22 फरवरी को थाने में मौखिक रिपोर्ट दर्ज कराई। सकुल राम ने बताया कि 21 फरवरी की रात करीब 8 बजे बीरकुवंर उसके घर आया और बताया कि उसने अपने पिता को मार डाला है।

सकुल राम जब बीरकुवंर के घर पहुंचा तो उसने देखा कि बीरकुवंर के पिता हवल चेरवा घर के ढाबा में खून से लथपथ पड़े थे। उनके सिर, दाहिने कान और दाहिने घुटने के पास गंभीर चोटें थीं। हवल चेरवा को फौरन शंकरगढ़ अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

जांच के दौरान आरोपी बीरकुवंर चेरवा की पत्नी गोपी ने पुलिस को बताया कि उसका पति अक्सर उसके चरित्र पर शक करता था। 21 फरवरी की शाम बीरकुवंर ने गोपी के साथ मारपीट की। इसके बाद गोपी अपने बच्चे को लेकर घर से बस्ती की ओर चली गई।

पिता से पूछताछ के बाद हमला

शाम करीब 7:45 बजे बीरकुवंर घर लौटा। पत्नी को घर में नहीं देखकर उसने अपने पिता हवल चेरवा से पूछताछ की। बीरकुवंर ने अपने पिता पर पत्नी को छिपाने का आरोप लगाया। इसी बात पर गुस्से में आकर उसने लकड़ी के गेड़ा से उन पर हमला कर दिया।

हमले में हवल चेरवा के सिर और दाहिने कान के पास गंभीर चोटें आईं। ज्यादा खून बहने के कारण उनकी मौके पर ही मौत हो गई।

आरोपी गिरफ्तार, न्यायिक रिमांड पर भेजा गया

चचेरे भाई की रिपोर्ट के आधार पर शंकरगढ़ थाने में मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई। पूछताछ के दौरान आरोपी बीरकुवंर चेरवा (30 वर्ष, निवासी कोठली लेफुआटोली) ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया।

पर्याप्त सबूत मिलने के बाद पुलिस ने उसे विधिवत गिरफ्तार कर लिया। फिलहाल आरोपी को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। मामले की आगे जांच जारी है।